12th Episode - Tolerance in Difficult Situation #GitaInAction Dr Vivek Bindra

[संगीत] नेगेटिव अपने आप दिखता है पॉजिटिव को ढूंढना पड़ता है हमेशा नहीं चलेगा [संगीत] [संगीत] [प्रशंसा] दूसरा अध्याय चल रहा है कृष्ण चर्चा कर रहे हैं और उससे पहले हमने चर्चा कारी थी की कैसे भगवान ने बताया की आसपास परिवर्तन होता रहेगा बहुत परिवर्तन होगा ये चीज करना है किस डिस्टर्ब होना है किस नहीं होना है अशोक चयन वैन अशोक करने योग्य नहीं उसे पर शोक करते हो जो दुख होने लायक बात नहीं है दुखी होने लायक बात नहीं है उसे पे दुखी हो जाते हो अर्जुन ये तो बात ठीक नहीं है देखने में तुम पंडित लगते हो पिछले एपिसोड में बात कारी तो आज भगवान ने इसके दो पैसे और दे दिए आज के एपिसोड में भगवान यहां बता रहे हैं कृष्ण यह बता रहे हैं की भाई केवल दुखी होने की बात नहीं है कई लोग गड़बड़ बहुत खुशी में और सुख में भी कर बैठते हैं क्या मेरी बात समझ ए रही है भगवान ने बताया इसके दो पैसे हैं तो मेरे पीछे आप जरा श्लोक बोलने का प्रयास करिए मात्रा स्पर्श कौन द यार शीतो शरण सुख दुख [संगीत] aagamithya तांत्रिक शिक्षा भारत कृष्ण क्या कहते हैं मात्रा sparshastra कौन द हाथ अगला है गिव मी योर हैंड्स आउटकम ऑफ शीट ushnastook चला जाएगा [प्रशंसा] ओ नित्य नित्य मतलब रेगुलर और नित्य मतलब इरेगुलर नित्य मतलब परमानेंट आदित्य मतलब टेंपरेरी मेरी बात समझ ए रही है हाथ आगे लाइए तांत्रिक शिक्षा भारत इसको टॉलरेट करना सीखो एयर जून क्या का रहे हैं भगवान यहां ये बोल रहे हैं पिछले में तो बता रहे द दू-दुख दुखी होने योग्य नहीं उसे पर दुखी मत इस समय बोल रहे हैं अरे दोनों तरफ समझ लो ऐसा ना हो मैं कहीं इनकंप्लीट बात बोल के निकल जाऊंगा की इसमें सर्दी भी होगी गर्मी भी होगी मैन भी होगा अपमान भी होगा सुख भी होगा दुख भी हो ड्यूलित पहला इसलिए भगवान ने दो बातें बोली एक अवेयरनेस और एक एक्शन क्योंकि ये क्या है गीता इन एवरीबॉडी गई की मैं राइट हैंड आउट तू माउंट जीता है तो भगवान ने दो बातें बोली एक अवेयरनेस अवेयरनेस क्या की अगर गगन जी परेशान हो रहे हो चिंता मत करना टेंपरेरी है कम ऑन क्या है टेंपरेरी अफेयर आया टेंशन मत लेना क्या ये सबसे सारा बहुत खुश मत होना क्या मेरी बात समझ ए रही है तो पहला वायरलेस बिल्ड कर दिया और दूसरा क्या बताया एक्शन इसको टॉलरेट करना सीखो है अर्जुन इसको टॉलरेट करना सीखो है आरजू क्या है बहुत ज्यादा खुश होने का जरूरत नहीं थोड़ा बहुत सफलता मिल गया था शुरू हुआ पहला अध्याय याद है आपको इसीलिए व्हाट इसे डी लेसन ऑफ डी स्लोका श्लोक में उछाल नहीं दुख में फिसल नहीं वो टाइम कम ऑन इसको टोल रेट करना सीखो [प्रशंसा] टोल रेट करना सीखो नेगेटिव इंसीडेंट में कुछ पॉजिटिव इंटेंट छुपा हुआ है कुछ भी नेगेटिव हुआ है उसमें कुछ पॉजिटिव [प्रशंसा] छुपी हुई चीज को ढूंढना पड़ता है नेगेटिव अपने आप दिखता है पॉजिटिव को ढूंढना पड़ता है क्या मेरी बात समझ में ए रही है इसमें पॉजिटिव ढूंढोगे [संगीत] मैं व्हाट टाइम इस मैं पॉजिटिव ढूंढो नाम ले ले के ना भगवान हमको बता रहे हैं हमको बता रहे हैं यश नो मुझको बता रहे हैं किसको बता रहे हैं हम में भी क्लियर नहीं होता है ऐसा भी अभी भी कई लोगों को लग रहा है अर्जुन के लिए बोली थी की था तो भ्रम में बैठे हैं उनको लग रहा है अर्जुन के लिए बोली थी भगवान ने किसके लिए बोली थी हर नेगेटिव इंसीडेंट में हर ट्रेजेडी के अंदर कुछ पॉजिटिव हर ट्रेजेडी में कुछ अच्छा छुपा हुआ [प्रशंसा] करके नहीं आता कुछ गिफ्ट हमारी जिंदगी में ट्रेजेडी के रूप में आती है कुछ गिफ्ट हमारी जिंदगी में गली गलौज के रूप में बदनाम ही के रूप में तकलीफों के रूप में आती है इनको टॉलरेट करना सीखो [प्रशंसा] मोमेंट की unstruct योर माइंड जिस दिन आपने अपने माइंड को ट्रेन कर दिया मैं पॉजिटिव ढूंढोगे अर्जुन एकदम माइंड चेंज हो जाएगा गेम भी चेंज हो गया वीडियो एकदम गेम चेंज होगा रातों रात क्योंकि आपने अपने आप को माइंड एकदम ट्रेन कर दिया मैं पॉजिटिव ढूंढ दो सो व्हेन यू चेंज डी वे यू लुक इट डी थिंग्स डी थिंग्स यू लुक आते डी चेंज जिस तरह से आप उसको देखते हैं वो निर्धारित करेगा क्या आपको क्या दिखता जिस तरह से आप देखते वो निर्धारित करेगा क्या आपको क्या वो मोर टाइम जिस तरह से आप देखते निर्धारित करेगा की आपको क्या तुम मुद्दा यह नहीं की है क्या मुद्दा यह की देखते कैसे हैं यू डोंट टेक तू योर हेड एंड फैलियर तू योर हार्ट सक्सेस सर पर चढ़ जाता है और जो फैलियर विफलता है वह दिल में घुल जाती दिल दुखाया मेरा दिल दुखाया दुखी हो गया मैं परेशान हो गया इसलिए चुप में उछाल नहीं दुख में यह भी सुख में उछाल नहीं का एक उदाहरण बताता हूं एक भिखारी घूमते घूमते कमी आदमी के घर के बाहर पहुंच गया अमीर आदमी के घर के बाहर पहुंचा वो अमीर आदमी भी शौकिया सन्डे का दिन गार्डन में पानी दे रहा गार्डनर ने पानी दे रहा तो उसने नाक किया बोला सेठ जी सेठ जी इतना सुंदर विशाल इतना सुंदर विशाल घर पूरे शहर में और किसी का नहीं है ये देखा मैंने मैं एक भिक्षु हूं भिखारी हूं सोचा मुझे यहां कुछ भिक्षा मिल जाएगी लेकिन दीक्षा मांगने से पहले मैं तारीफ करना चाहता हूं की आपने बहुत सुंदर घर बनाया मकान मलिक खुश तारीफ कर रहा है भाई यह तो बहुत तारीफ कर रहा है मेरी तारीफ से उसने और बता घर वास्तव में बहुत सुंदर है मैं कितना शहर घूम लिया इतना सुंदर घर नहीं मैं कुछ भिक्षा मांगने आया हूं आप अपनी क्षमता अनुसार मुझे कुछ भिक्षा दीजिए मकान मलिक खुश क्षमता अनुसार देना है उसने बीवी को आवाज़ मारी प्रिया धर्मपत्नी बोले हान जी ये जो मैं सोने का हर लेकर आया था पिछले हफ्ते जरा वो लेते तो आना क्षमता अनुसार देना है भिखारी सोचा कमल हो गया मैं सोचा दो ₹500 मिलेगा यह का रहा है सोने का हर लेते आना भिखारी को लगा स्ट्रेटजी कम कर गई बोला इतना ही नहीं इस पूरे शहर में मकान तो चलो मकान बगीचा इतना सुंदर तो किसी का नहीं मकान मलिक और खुश बोला कुछ क्षमता अनुसार मुझे भिक्षा दीजिए बोला जरूर ही प्रिया धर्म पत्नी मुझे सोने के पुरुषों वाले जो दो कड़े में लेकर के आए द गोल्ड के साथ में उनको भी लेते आना भिखारी सोचा स्ट्रीट्स कम कर रहे हैं उसने कहा इतना ही नहीं इस पूरे शहर में इतनी सुंदर गाड़ी तो किसी के पास नहीं है ना केवल घर ना केवल बगीचा गाड़ी भी सुंदर और आप आपसे ज्यादा सुंदर तो शहर में शायद ही कोई पुरुष होगा आदमी और खुश बस मैं कुछ नहीं चाहता अपनी क्षमता अनुसार जो भिक्षा दे सकें दीजिए बोला क्यों नहीं ही प्रिया धर्मपत्नी वो जो एक लाख का कैश का बंडल है जरा वो भी साथ में लेते आना तो आदमी वह भिखारी बहुत खुश लेकिन मैन में सोचने लगा और नहीं करूंगा इतना बहुत है इससे ज्यादा ठीक लग नहीं रहा है मामला मुझे तो भिखारी चुप हो गया और कुछ 5 मिनट वहां वेट करता रहा 7 मिनट 10 मिनट 12 मिनट उसने देखा कुछ आया नहीं है तो उसने मकान मलिक को पूछा की भाई साहब वो आपने आवाज़ मारी थी की सोने के कड़े लेके आना आप गले का हर लेके आना ₹1 लाख का बंडल लेकर आना लेकिन आया नहीं बोला हान बात तो ठीक है आया नहीं लेकिन वो आने वाला तो आया क्यों नहीं बोले देखो तुमने मेरी इतनी तारीफ कारी इतनी तारीफ कारी तुमने मुझे शब्दों से खुश कर दिया बोले हान मैंने भी तुम्हें शब्दों से खुश कर दिया खुश कर दिया सुख में उछाल नहीं कोई तारीफ कर रहा हूं चलने लग जाता है आदमी तांत्रिक शिक्षा भारत इसको टॉलरेट करना सीखो टॉलरेट करना सीखो तारीफ को टोल रेट करना बहुत मुश्किल कम है कैसे टॉलरेट करें प्रोफेसर नबी नारायण निर्दोष देश भक्त जिनको फसा करके देश का गद्दार घोषित किया उन्होंने बहुत साल टॉलरेट किया अब जाकर उन्हें पद्मा श्री पद्मा भूषण उनको वापस उनकी मर्यादा लौटी गई अब उनके ऊपर बायोपिक भी बनी है आपने देखा होगा लाउड लिया स्नो हाथ आगे नो यह समय आएगा चला जाएगा पिछले श्लोक में हमने क्या समझाया धीरा स्तोत्र व्यक्ति को मोहित नहीं होना चाहिए पिछले एपिसोड में बताया था आपको उसी को भगवान ने एस्टेब्लिश किया है की मोहित क्यों नहीं होना चाहिए अरे टेंपरेरी है टेंपरेरी है आज सब अच्छा चल रहा है हमेशा नहीं चलेगा मेरे शिक्षा गुरु ने मुझे बचपन में समझाया था गुरुकुल में आज सब बुरा चल रहा है हमेशा नहीं चलेगा टेंपरेरी है हिम्मत नहीं कोनी है क्या मेरी बात समझ में ए रही है आईडेंटिफाई करिए की यह परिस्थिति में मेरे लिए तीन चीज सीखने को क्या है रे डिवेलप करिए अपने माइंड सेट को अपने बिलीव सेट को री ओरिएंट कारी है री थिंक करिए हर इंसीडेंट में एक मैसेज छुपा हुआ है वो आपको क्या मैसेज दे रहा है इसमें मैसेज ढूंढना सीखो बस यह माइंड को ट्रेन करना गेम चेंज इतने में गेम चेंज प्रेम हो जाएगा अगर आप यहां थोड़े दिन और अटेंड कर लिया तो है की नहीं है इसके बिना रह नहीं पाएंगे हम क्या मेरी बात समझ ए रही लाउडली यस नो 1/2 लाइक कभी ऊपर कभी नीचे मुद्दा यही है अमिताभ बच्चन जब दिल्ली में कॉलेज के पढ़ पुरी करके मुंबई पहुंचे पहले दिल्ली में नौकरी अप्लाई किया नहीं मिली ऑल इंडिया रेडियो में अप्लाई किया नहीं मिली बॉलीवुड में गए लोगों ने बोला टॉल स्किनी गे नहीं मिला कम और जब मिला भी तो सीधा 10 पिक्चर है फ्लॉप हो गई और बर्बाद होते चले गए परिवार ने बोला इलाहाबाद वापस ए जाओ खेती करो इसको टोल रेट करना सीखो अमिताभ बच्चन को फिर आगे सुपरहिट हो गए [प्रशंसा] डूब गए कंपनी बैंक करप्ट हो गई अमिताभ बच्चन बर्बाद हो गई इसको भी टोल रेट करना है केबीसी ए गया अमिताभ बच्चन फिर खड़े हो गए केबीसी बहुत तेज चलने लगा उनकी तबीयत खराब हो गई केबीसी हाथ से छीन गया फिर सब खत्म हो गया शाहरुख खान को केबीसी दे दिया केबीसी बर्बाद हो गया अमिताभ बच्चन recoveron के वापस आए केबीसी फिर चालू हुआ सीधा 12 सीजन की है आज तक का सबसे लांगेस्ट सुपरहिट करना सीखो [प्रशंसा] ये जो एटीट्यूड है ना यह एटीट्यूड का बहुत बड़ा रोल है याद रखना जितना नीचे के लेवल का आदमी है ना वो 90% स्किल इस्तेमाल करेगा 10% एटीट्यूड इस्तेमाल करेगा और जितना ऊपर का आदमी है टॉप मैनेजमेंट का आदमी होगा वो 90% एटीट्यूड इस्तेमाल करेगा केवल 10% स्किल इस्तेमाल करेगा मेरी बात समझ ए रही है लाडली है स्नो जो टॉप मैनेजमेंट का आदमी होगा बैठ के एक्स फाइल नहीं बनाता वो स्किल का इस्तेमाल नहीं करता वो तू प्लस तू फोर नीचे बैठ करके एक्स पे फॉर्मूला नहीं लगाएगा वो केवल एटीट्यूड से कम करता है डायरेक्शन से कम करता और जितना नीचे जाओगे ना प्लंबर होगा मेसन होगा कारपेंटर होगा ड्राइवर होगा वो जिंदगी भर स्किल से कम करेगा उसको एटीट्यूड का इस्तेमाल नहीं करना आता सफलता के लिए जिसका एटीट्यूड सफल हो जाता है जिसका एटीट्यूड ठीक होता है बात वहीं से बनती है क्योंकि एक्सटर्नल रीजन और एक्सटर्नल सीजन ये दोनों टेंपरेरी है आपके शरीर की बीमारी को तो दूर किया जा सकता है कैंसर को दूर किया जा सकता है पर एटीट्यूड की बीमारी जो की एक्चुअली दृष्टिकोण की बीमारी है उसको कोई डॉक्टर ठीक नहीं कर सकता है रजनीकांत बचपन से फाइनेंशियल कराए द मालूम है आप लोग को कंडक्टर भी बने कारपेंटर भी बने कुली भी बने मैन का देहांत भी हो गया जिंदगी भी बर्बाद हो गई सब खत्म हो गया लेकिन नीचे भी है ऊपर भी है इसको टॉलरेट करना सीखो ही अर्जुन और रजनीकांत का समय चेंज हुआ फिर से रजनीकांत कहां से कहां पहुंच गए उनका अभिषेक किया जाने लगा जैसे भगवान लड्डू गोपाल का अभिषेक किया जाता है ऐसे साउथ में उनका अभिषेक किया जाने लगा एक के बाद एक सुपरहिट मूवी आने लगी भगवान का दर्ज दे दिया गया रजनीकांत को डेमी गोद अनकाउंटेबल अवार्ड जून को दिए गए इसको टोल रेट करना सीखो समय फिर बदल गया रजनीकांत केक के बाद एक मूवी फ्लॉप होती चली गई रजनीकांत पुरी तरह बर्बाद हो गए उनकी बेटी ऐश्वर्या उसका डिवोर्स हो गया उनको खुद को लीवर और किडनी उनका बर्बाद हो गया और इतने सारे फैलियर जाते चले गए इसको टॉलरेट करना सीको एयर चुन तांतिक स्व भारत ही भारतवंशी अर्जुन इसको टॉलरेट करना सीखो क्योंकि ये टेंपरेरी है सुख में उछाल नहीं दुख में ये सर्कल ऑफ डिफिकल्टी और सर्कल और पॉसिबिलिटी की तरह है डिफिकल्टी रहेंगी पॉसिबिलिटी ढूंढनी पड़ती है डिफिकल्टी ढूंढनी नहीं पड़ती है तो लेकिन आप जिस पे दिमाग लगाते हैं उसका साइज बड़ा होने लग जाता है ये माइंड की ताकत है डिफिकल्टी पर ध्यान लगाओगे उसका साइज बहुत बड़ा हो जाता है पॉसिबिलिटी पर ध्यान लगाओगे उसका साइज बहुत बड़ा हो जाता है जिस समय जिस पर आप ध्यान लगाओगे वो बढ़ता चला जाता है फैलियर तो आएंगे एकदम आएंगे लेकिन मेंटेंनिंग द ऐंठूसियाज्म फ्रॉम फैलियर तू फैलियर तू फैलियर तू फैलियर तू फैलियर वही है आजकल इंपॉर्टेंट दीपा मलिक हमारे बास हूं बड़ा भारत छोड़ो सब लोग देखते हैं और देखना भी चाहिए क्योंकि बड़ा आरक्षण में ऐसे ऐसे लोग ए रहे हैं जिनके बिलीफ आपके अंदर ट्रांसफर करेंगे जिनके बिलीफ आपके अंदर ट्रांसफर करें मैं इसमें बॉलीवुड के हीरो हीरोइन को नहीं बुलाता मेरे लिए वो असली हीरो नहीं है मेरे असली हीरो हुआ है जिन्होंने देश को बदला वीडियो पंच सर्जरी 183 stitchis 1999 व्हीलचेयर पे घूम रहे हैं आज 54 नेशनल मेडल तेरा इंटरनेशनल मेडल पहला ओलंपिक में गोल्ड मेडल दीपा मलिक जो जो उन्होंने किया जो जो टू सिचुएशन देखिए यू में प्रोग्राम्ड अंटील यू क्रिएट अन यू प्रोग्राम योर प्रोग्राम कैमरे बात समझ ए रही है अंटील यू प्रोग्राम अन न्यू प्रोग्राम फॉर योरसेल्फ यू रेमैन प्रोग्राम विथ योर एक्जिस्टिंग प्रोग्राम क्योंकि प्रोग्राम का मतलब क्या प्रोग्रामिंग करते हैं कंप्यूटर में कोडिंग करते हैं लाउडली अस नो ऐसे ही ब्रेन भी हमारा प्रोग्राम होता है इस स्थिति में ऐसा ही रिएक्ट करेगा स्थिति में ऐसा ही रिएक्ट करेगा इसमें तो गुस्सा आएगा नहीं क्या भाई साहब स्ट्रक्चर है और वह जैगुआर लैंड रोवर जो फोर्ड मोटर नहीं चला पाई उसको इन्होंने चला के दिखा दिया पूछने नहीं की हमारी बात समझ ए रही है लाउडली टाटा इंडिका और टाटा नैनो दोनों फैल हुई फील नहीं वो कंपनी चला दी जो दुनिया की सबसे बड़ी कंपनी नहीं चला पाई उछाल नहीं इसको कहते हैं aadamain होने नितेश tantyatithi शिक्षक भारत आ मुद्दा यही है की नारायण मूर्ति फैल हुए कई बार अपने जीवन में लोगों को तो आज केवल इंफोसिस मालूम है उन्होंने जहां नौकरी की है वहां से निकल दिया गया एक अपना स्टार्टअप चालू किया था जिसका नाम है सॉफ्टवेयर ओनिक्स पोस्ट ऑफ ट्रॉनिक्स फैल हो गया उसके बाद फिर पत्नी कंप्यूटर सिस्टम वहां उन्होंने जाकर के नौकरी कारी एक साल और फिर फाइनली उन्होंने गहने बेचे अपने पत्नी के सारे जिसके बाद उन्होंने कंपनी चालू करें जिसका नाम था इंफोसिस आज दुनिया की सबसे बड़ी इट सॉल्यूशंस कंपनी में से एक है तो कहीं बार ऊपर नीचे आए और कई बार ऊपर नीचे गए मैं अपने दोस्त के घर गया था बचपन में वो धनी परिवार में रहता है दोस्त उसी सोसाइटी में रहता जहां मैं रहा करता था अपने चाचा जी के यहां दादाजी के यहां और जब उसके घर गया यह बात होगी 1991 1992 की तब मैं 10 साल का था इंडिया में स्टार स्पोर्ट्स पर पता नहीं कौन से चैनल पर आता था ब्रिटिश बुलडॉग ये वो तो हम छोटे-छोटे दास्तान ज्यादा साल के तो एक दूसरे को अंडरटेकर की तरह उठा के फेंक रहे द तो मम्मी उसकी जूस का ग्लास लेकर किया है उठा के फेंकने में वो जूस का ग्लास फेंक दिया गलती से पुरी दीवार पर फैल गया मैं घबरा गया अब तो बहुत दांत पड़ेगी उसने बोला टेंशन मत ले छोटा सा कपड़ा लिया ऐसे मारा एकदम दीवार साफ हमारे घर में ऐसा हो जाए तो मार पद जाए बोलो नहीं नहीं इसको प्लास्टिक पेंट बोलते हैं क्या बोलते हैं मैं पहली बार सुना प्लास्टिक पेंट भी होता है कुछ बोलो एक हाथ मारो एकदम साफ कुछ चिपकता ही नहीं है इस पे उसे दिन मुझे जिंदगी में समझ में आया दुनिया में लोग आपके बहुत बेज्जती भी करेंगे आपकी तारीफ भी करेंगे लोग आपकी बदनामी भी करेंगे आपका नाम भी बढ़ाएंगे लोग आपको गली भी देंगे आपका उत्साह भी बढ़ाएंगे ये सब कुछ ऐसा होना चाहिए जैसे आपके ऊपर प्लास्टिक पेंट का सब आए और नीचे गिर जाए आपके ऊपर कुछ चिपक ना जाए [प्रशंसा] लाइफ ऐसा ही होना चाहिए इज्जत करें तो उछलना नहीं बेइज्जत करें तो फिसलने नहीं इसको टोल रेट करना सीखो इसको टोल रेट करना सीखो रितेश अग्रवाल ने जब कंपनी ओहियो बनाई तो थोड़ी बनाई थी वो रेबेल स्टेज बनी थी मुद्दा यह हो रहा है स्टेज बनने के बाद फैल हो जाने के बाद हर मैन सकते द पर दो बातें हैं हाथ आगे ले पीछे ले जाइए बोलिए एक्सपीरियंस आज है किसी ने मुझे गली दी एक मिनट पहले वो पीछे है कम ऑन क्या है मैं आज मैं हूं किसी ने मुझे बदनामी कारी अभी अभी कारी बिल्कुल दोस्त सेकंड पहले हाथ अकेला ये पीछे है अपने आप को इंप्रूव करने में जियो पीछे को ठीक नहीं कर सकते हैं लाइफ के पास कोई रिमाइंड बटन नहीं होता है लाइफ के पास कोई मुझे आज भी वो तारीख 22 जून 2016 20 जून 22 जून 2016 एक के बाद एक के बाद एक मेरे चार बड़े प्रोजेक्टर सारे समाप्त हुए द और जितने बड़े-बड़े मेरे साथ ट्रेनर्स के लोग कंटेंट के लोग लीडर सब लोग बड़ी-बड़ी भरी-भरी तनख्वाह पे हुआ करते द हमारे के ऑपरेटिंग ऑफिसर हेड ऑफ डी सेल्स सीनियर लीडरशिप बहुत थी मोहन कोऑपरेटिव में बहुत बड़ा ऑफिस था सब खत्म हो गया एकदम रात और रात सब खत्म हो गया और जैसे एक विशाल पेड़ के ऊपर बहुत सारी चिड़िया रहती है ना मुझे कुछ पेड़ को जोर से हिलाई तो सारी चिड़ियां हो जाती है ऐसे ही जब मेरी कंपनी जोर से हेली तो सारे एम्पलाइज भी चिड़िया की तरह मुड़ के निकल गए कोई साथ देने के लिए नहीं आया एक प्रगतिशील व्यक्ति के लिए वह समय बहुत ही कठिन समय होता है जब मुझे अपना मकान बेच करके सबको तन्हाई देनी पड़ेगी आज फिर से मैं बदल गया कंटीन्यूअसली 120 ऑफर चल रहा है दुनिया में हम नंबर वैन बिजनेस ट्रेनिंग कंपनी चला रहे हैं की हमारे 10 से ज्यादा बोल्ड रिकॉर्ड हो चुके हैं अभी 11वां भी बनने जा रहा है एक प्रगतिशील व्यक्ति के लिए यह बहुत बड़ा सम्मान एक प्रगतिशील व्यक्ति के लिए वो बहुत बड़ा अपमान था दोनों अलग-अलग परिस्थितियों [संगीत] रिक्वेस्ट करूंगा प्रेम हो जाएगा अगर आपने भागवत गीता को समझना शुरू कर दिया एडिक्शन नहीं है इसका एडिक्शन होगा तो नीचे के एडिक्शन छूट जाएंगे जिसको ये टॉप क्लास एडिक्शन हो गया उसको बाकी एडिक्शन कभी नहीं सताएंगे वीडियो एग्री विद मी लाउडली अस नो आज आगे लाइए हाथ आगे लाइए हाथ आगे लाइए एक प्रोग्राम गीता इन एक्शन रोज देखूंगा अपने लिए देखूंगा ग्रंथ राजकुमार बहुत-बहुत [प्रशंसा] [संगीत]

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