Khan Sir ने बताया बड़ा आदमी बनने के लिए क्या करना है Dr Vivek Bindra

लोग भले कहते हैं कि खाली हाथ आए थे ठीक है खाली हाथ आए थे लेकिन खाली हाथ जाना नहीं है इस देश का ऋण चुका के जाना है हमेशा याद रखिएगा अकल बादाम खाने से नहीं ठोकर खाने से आती है हमने इतिहास से यह सीखा है कि इतिहास से कोई कुछ नहीं सीखता भले जेब खाली हो जेब में गांधी हो या ना हो दिल में एक आंधी होनी चाहिए जो बोले हैं जो ठने हैं वह कर लेंगे यहां पर और नहीं कर सकते हैं तो दुर्भाग्य इस भारत की धरती पर जन्म लिया हुआ भारत में एंटरप्र इतने बड़े संख्या में आ रहे हैं और काफी खुशी हुई इस चीज को देखकर कि भारत चेंजिंग की ओर जा रहा है अपने और हमेशा सीखने की प्रवृत्ति रखिएगा और आज के टाइम पर बाप रे एक बहुत बड़ की समस्या ना कि दूसरे से पति जलन जरत आही जरवाही समझते हम लोग बिहार का ठेट भाषा है पता नहीं आप लोग समझते है कि नहीं मतलब कौन कितना खुश है मतलब उसका पड़ोसी जितना दुखी है उतना खुश है यह सब चीजों से थोड़ा आज के समय में अपने आप को थोड़ा बचा के रखने की कोशिश कीजिएगा क्योंकि किसी के जलन वगैरह से नहीं होता अक्सर देखिएगा ना चकि ये एंटरप्रेन्योर है बिजनेस का चीज है तो एक छोटा सा देखिएगा ना गांव में किसी के पास समोसा का दुकान चल जाता है तो उसके बगल में एक और समोसे खोल देता है अरे आप बहुत सारी चीजें हो सकती है आप डिसीजन आप कभी भी किसी और के मर्जी से इन्फ्लुएंस होकर लीजिएगा वो कभी डिसीजन सही नहीं होगा डिसीजन आपका अपना होना चाहिए आप क्या कर सकते हैं और यह जिस दिन आप पहचान गए उस दिन समझिए आधा काम आप अपने से कर दिए यहां पर और वो सबके अंदर कुछ ना कुछ है ऐसा नहीं है कि ऊपर वाला आपको खाली हाथ भेजा सबके अंदर कुछ ना कुछ है और ये भले कहते हैं कि खाली हाथ आए थे ठीक है खाली हाथ आए थे लेकिन खाली हाथ जाना नहीं है इस देश का रीड चुका के जाना है समाज को कुछ देक जाना है एक अच्छे सिद्धांत अच्छे कर्म को देक जाना है क्या कोई कह सकता है कि अब्दुल कलाम खाली हाथ गए थे नहीं खाली हाथ गए थे विवेकानंद खाली हाथ गए थे अंबेडकर साहब खाली हाथ गए नहीं गए तो इस देश में हम खाली हाथ जरूर आए थे लेकिन इस देश का कर्ज उतारना है खाली हाथ लौटना नहीं है सिद्धांत अपने साथ कुछ अपने पीछे कुछ यादे छोड़ के जाना है जिससे कि दुनिया याद कर सके हम लोग को और हमेशा चीजों में ना अपनी ईमानदारी करिएगा आप कितना ईमानदारी से काम करते हैं कितना लगन से काम करते हैं सफलता इसी चीज पर डिपेंड करती है बाकी ऐसे चीज कि यह करना चाहिए बस आप कितना समय दिए किसी चीज को कितनी ईमानदारी से किए यह मायने रखता है आपको आप किसी चीज को समय नहीं दीजिएगा कभी सफल नहीं हो सकते और एंटरप्रेन्योर और बिजनेस इस सब के चीजों में एक चीज बहुत बड़ी डेलीमा होती है ना कि सोचते बड़ी ज्यादा हैं लोग प्लानिंग बहुत करते हैं छ महीना से उसका प्लानिंग य चल रहा है अरे भाई छ महीना में कमवा शुरू किए रहते तो कुछ एक्सपीरियंस हो गया रहता कुछ ठोकर लगी होती शुरू कर दो चाहे जैसे करना है यहां पर ऐसा थोड़ी हो सकता है कि एकदम फिनिश होके काम करे हर चीज जमीन से कभी पेड़ नहीं निकल सकता है पौधा ही निकलेगा आज सीखिए क्योंकि अगर कल कोई शुरू करता है आपके बाद तो आपके पास उसे एक दिन का एक्स्ट्रा एक्सपीरियंस रहेगा और हमेशा याद रखिएगा अकल बादाम खाने से नहीं ठोकर खाने से आती है जितना ज्यादा आप ठोकर खाएंगे उतने ज्यादा अकल आने वाली है दुनिया का कोई इंसान जो सफल है कह दे कि हमको ठोकर नहीं लगा है या कोई कह दे कि हम एक ही बार में य आए हैं कभी नहीं आ सकते यहां पर स्टार्टिंग कीजिए य पर ज्यादा प्लानिंग लानिंग के चक्कर में नहीं कितना अच्छा प्लानिंग करके आइएगा ना कुछ ना कुछ चीजें गड़बड़ होंगी क्योंकि किताबी नॉलेज ये मोटिवेशन ये सब चीजें ये एक अलग चीज है धरातल पर उतर के जाइएगा ना तो अलग चीज है यहां पर कभी बिहार में आके देखिएगा तो एकदम में अलग मिलेगा कितना ठोकर लगा है यह बहुत मायने रखता है क्योंकि ठोकर नहीं लगेगा ना जिस पत्थर पर चोट नहीं पड़ती व कभी मूरत नहीं बनता है इसलिए जितना आपको चोट लग रहा है यह आपके लिए अच्छी बात है क्योंकि बड़े-बड़े लोगों की जिंदगी में मुसीबत आती है वो मुसीबत ही आती बड़े जिन लोगों के लिए क्योंकि फिल्म में जो सबसे टफ रोल होता है ना वो बढ़िया हीरो के कंधे पर दिया जाता है तो ये पृथ्वी पर भी ना ऊपर वाले को पता है कि ये बढ़िया हीरो है इसको थोड़ा सा हम रोल देते हैं बढ़िया तो बड़ी जिम्मेदारी देने से पहले ऊपर वाला भीना आपको टेस्ट करता है टेस्ट करके ही देखेगा कि नहीं करेगा हम लोग छोटा सा कोई सामान खरीदते हैं तो उसको ठोक बजा के चेक करते हैं कि सह लेगा कि नहीं सह लेगा एक छोटा सा बर्तन कोई खरीदने जाता है तो पटक के दिखाता है देखिए मजबूत है तो ऊपर वाला भी जब आपको बहुत बड़ा जिम्मेदारी देने वाला होता है ना तो पहले सोचता है कि इसका थोड़ा सा टेस्ट कर ले बहुत लोग टेस्ट में भाग जाते हैं हे भगवान हमरा काहे लिए तुम मुसीबत लाया यार जब ऊपर वाला तुमको खुशी दिया था तो थैंक यू कहना भूल गए थे और जब मुसीबत दिया चेक करने के लिए तो परेशान हो गए यहां पर चीजों से घबराना नहीं चाहिए किसी को जिसके जिसके जीवन में कठिनाई आ रही है आप समझिए कि आप एक सही रास्ते पर जा रहे हैं क्योंकि वही रास्ता सफलता का है और अगर आपके जीवन में कठिनाई नहीं आ रही है आप गलत रास्ते प है क्योंकि सफलता का रास्ता बहुत कठिन होता है और अभी डिजिटल इंडिया आ गया सबके हाथ में मोबाइल हो गया एक चीज अगर आप बहुत आगे बढ़ेंगे ना तो एक प्रॉब्लम फेस करेंगे बिना मतलब लोग आपके ऊपर उंगलिया उठाने लगेंगे बिना मतलब जिनको कोई मतलब नहीं है आप देखिएगा तो मतलब अजीब लगेगा इस सब चीजों से कभी मत घबराइए यह कॉस्ट होगी आपको चुकानी पड़ेगी जब आप बहुत आगे जाएंगे तो आप लोग बहुत आगे जा तो पहले से माइंड मेकप करके रखिएगा कुछ लोग होंगे जो बिना मतलब आपसे सवाल पूछेंगे इन लोग को कभी इंटरटेन मत कीजिएगा क्योंकि अब भाषा थोड़ी हार्ड हो जाएगी लेकिन एक हार्ड हो जाएगा तो हो जाएगा बस भाषा भाव को समझिए भाषा का नहीं कि कुत्तों की रेस में दौड़ने से घाटा यह है कि जीतने के बाद भी कुत्ता ही काला आएगा आदमी एक बार एक रेस में ना कुछ कुत्तों को दौड़ाया गया बीच में शेर बांधा गया कन तेज दौड़ता है शेर दौड़ा ही नहीं कहा की जीत के भी क्या फायदा जीतने के बाद कुता काला आएगा समझ में आया तो जब आप आगे बढ़ेंगे ना ये कॉस्ट है समझिए इस चीज को पहले यह कम था क्योंकि पहले लोगों के पास में हाथ मोबाइल कुछ नहीं था मतलब काना फुसी में रह जाता था लेकिन अब यह बहुत बड़े पैमाने पर हो गया य सब चीजों से बचिए और ये आएगा आपके साथ में लाइफ में जैसे हम आपको छोटा सा मतलब व्यवहारिक चीज पर बताते हैं जब बहुत आगे जाएंगे ना तो कुछ कहेंगे अरे इसका प्रोडक्ट खराब है इसका कुछ ना कुछ बोलेंगे उसको बस ऐसे समझिए कि जब आप बढ़ते हैं तो आपके चेहरे पर कभी-कभी कुछ दाने निकल जाते हैं उसको छेड़ा नहीं जाता है 10 दिन 15 दिन बाद वो खत्म हो जाता है फिर दिखता तो है तो आपका चेहरा ही दिखता है और ज्यादा खखर ना तो उ बर्बाद कर देगा आपको यहां निकला है छोड़ दीजिएगा उसको एक समय आएगा जब आप ही जाने जाएंगे यहां लोग किस चीज पर नहीं उंगलिया उठा देते हैं भगवान को उंगलिया उठा दिए लोग अग्नि परीक्षा भगवान को देना पड़ा हम लोग की क्या औकात है जी यहां पर इसलिए इस सब चक्कर में नहीं पड़िए ग आप जो है वो एकदम परफेक्ट है चाहे चाहे जैसे भी हो गलतियां सबसे होंगी जो गलती करिएगा उसको एक्सेप्ट कर लीजिएगा हमारे पास ऐसे गलती हो गई नेक्स्ट टाइम से हम सुधार बट कोशिश कीजिएगा गलतियां ना हो लेकिन सबके जवाब देने की कोशिश मत कीजिएगा आप इंसान है कोई डिटर्जेंट नहीं है कि सफाई करते चलते हैं आप और काबिल इतना बनिए ना कि लोग आपको रोकने के लिए ना साजिश करना पड़े कोशिश नहीं उस लेवल पर जाइए आपको यार ये कैसे आगे निकल ग आप आए चीजों को हम लोग भी फेस किए हैं आप लोग भी फेस करना होगा य शुरुआत में सबको कॉस्ट चुकानी पड़ती है और ना लोग कहते हैं कि सबके अंदर कोई यूनिक क्वालिटी होती इसको पहचानने का एक तरीका होता है जब आप मुसीबत में फसगे ना तो वही काम कीजिएगा जो आपको सबसे अच्छा आता है सबसे अच्छा आता है आप मुसीबत में फसगे हम लोग जब इंटर ंटर पास किए थे तो हम लोग के सामने फ क्राइसिस आया था सबसे पहले वेल्डिंग मारना चालू किया था बिना किसी काम का किसी दुकान पर बैठ के वेल्डिंग मारते रहो अरे सही भी मारते थे तो चार को चीज सुना देता था या ऐसे नहीं ऐसे होता है क्या बात करते हैं बढ़िया मारते थे अई सुन लेता था आदमी यहां पे फिर धीरे-धीरे किसी को पढ़ाना धीरे-धीरे चालू किया आदमी कुछ दोस्तों ने कहा कि भाई तुम पढ़ाओ ठीक पढ़ाता है तो आदमी उधर चलाया तो आपको भी पता है कि आप किस चीज में अच्छे हैं तो धीरे-धीरे अपने आप के अंदर वो पहचानिए उसको सुधारने की कोशिश कीजिए और इधर-उधर ज्यादा ध्यान नहीं दीजिए मुसीबत आए तो अपने आप को एक बार थपथपा आइएगा कि हा आप उस इलीट क्लास में है जिसके सामने मुसीबत आई है और एक समय आएगा कि जब आप इस मुसीबत को पार कर जाएंगे और एक समय आएगा कि जब यहां आके आप अभी अपनी संघर्ष की कहानी बताएंगे कि हम भी ऐसा थे और हम आप सबसे यही उम्मीद करते हैं कि भगवान से भी हाथ जोड़ के यही दुआ मांगते हैं कि जितने लोग हैं देश के सबको एक दिन अपनी कहानी सुनानी पड़े क्योंकि यह देश वीरों की धरती है वीरांगनाओं की धरती है यहां पर हर बच्चा यहां का फौलाद है अपने आप में यहां पर तो यह वक्त है अब रीड चुकाने का अब इस सदी में हमें अपना नहीं अब इस देश का भी एक रीड चुकाना होगा कि शायद पिछले जन्म में बहुत सौभाग्य बहुत अच्छा काम किए होंगे तो हिंदुस्तान में जन्म वरना अगर जन्म के समय थोड़ा बहुत बॉर्डर क्रॉस करते ना उधर हो जाते ना अरे बाप रे बाप क्या होता जिसका कोई हद नहीं यहां पे थोड़ा सा बस उधर घस जाते तो लेकिन यह हम लोग का सौभाग्य एक चीज हम लोगों ने गलती किया के बाद हमने महिलाओं के पावर को ना अंडरस्टीमेट कर दिया हम लोग 1947 से जो पुरुष समाज है यह सोच रहा है कि देश को आगे ले जाने के लिए अभी तक सोचिए रहा है यह हम लोगों से गलतियां हुई है और लड़कियों को हमने जो साथ छोड़ दिया महिलाओं का ना बस यकीन मानिए जिस दिन भारत देश की महिलाएं पुरुषों के साथ कदम से कदम मिला ली 10 साल में देश की सूरत बदल जाएगी दुनिया देखते रह जाएगी यहां पर हम इस चीज को ज्यादा समझ सकते हैं क्योंकि हमारी खुद की बहन नहीं अपनी बहन नहीं लेकिन अभी भी हम अपना घर देखते हैं ना तो लगता है बहुत बड़ी कमी है और अगर बहन रहती तो चीजों को अच्छे से समेट के रख सकती थी तो इसलिए हम देखेंगे हमको इंडिया में सबसे ज्यादा राखी बांधी जाती है पूरे हिंदुस्तान में सबसे ज्यादा ख बाधी जाती है नहीं था तो हमारे य माझी जी थे ना व कहे की भगवान के भरोसे मत बैठो क्या पता भगवान तोरे भरोसे बैठा लोग तो बहन नहीं थी तो क्या दिक्कत दुनिया में सबसे ज्यादा राखी बांधी ग अब मतलब अ सोचते अगली बार अभी इस बार साज राखी बांधी गई थी साज हर साल रक्षाबंधन के बाद पहले ही रक्षाबंधन से पहले हमको एक डॉक्टर अपॉट करके रखना पड़ता है कि सर मेरा ना ब्लड रुक जाएगा इतना राखी बांधी जाती है तो आप एकदम ना स्टैंड बाय पे रेडी रहिएगा वहां पे अ इतना राकी बनने के बाद एक आदमी आता है मेरा हाथ उठाने वाला वो हाथ लेके चलता है हम ऐसे चलते रहते हैं तो खुशनसीब है वो लोग जिनके घर में बहने हैं जिनकी बेटियां हैं आप उसकी कदर नहीं कर सकते हैं तो यकीन मानिए इसका बदला भगवान जरूर लेता है आजकल लोग देखते हैं कि लोग बहू की कदर नहीं करते अरे वो आपकी बेटी है चेहरा बदल के वापस भगवान ने भेजा है आपको नहीं कर सकते कदर ना तो आपने भगवान की उस नेमत को ठुकरा दिया है अ फिर घर में मुसीबत आएगा तो कहेंगे कि पता नहीं क्या हो गया चाहे चांद पे पहुंच जाइए चाहे जितना भी आगे चल जाइए अपनी सभ्यता संस्कृति को मत भूलिए वरना मिट जाइएगा आप यहां से यूनान मिस्र रूमा सब लुट गए जहां से लेकिन मगर है बाकी नामो निशा हमारा कुछ बात है कि हस्ती मिटती नहीं हमारी सदियों रहा है दुश्मन दौरे जहां हमारा भारत को मिटाने की कोशिश की गई मिटा कभी नहीं इसलिए याद रखिएगा अपनी संस्कृति को नहीं भूलना है और हमसे गौरवपूर्ण संस्कृति पूरे भारत पूरे विश्व में किसकी है यहां पर तो ये चीजों को थोड़ा सा आप लोग को ध्यान में रखना है और आपस में मिलजुल के एक देश वाली भावना लेकर चलना है कि हम सबको मिलकर देश को अपना उस पुराना जो गौरव मिला था उसको वापस लौटाना है और आप लोग आगे बढ़ेंगे युवाओं में है आप जिधर युवा चलते हैं उधर ही सब कुछ चल देता है यहां पर तलवारों के साय पर इतिहास हमारा बनता है जिस ओर जवानी चलती है उस ओर जमाना चलता है आप युवा लोग हैं आपको किसी कौन रोक सकता है यहां पे मैं दरिया हूं अपना हुनर जानता हूं जिधर से भी गुजरूंगा अपना रास्ता बना लूंगा तो युवाओं में यही तो एक है भले जेब खाली हो जेब में गांधी हो या ना हो दिल में एक आंधी होनी चाहिए जो बोले हैं जो ठने हैं वो कर लेंगे यहां पर और नहीं कर सकते हैं तो दुर्भाग्य है इस भारत की धरती पर जन्म लिया हुआ ये व्यर्थ हो जाएगा यहां पर तो एक कहानी लिखना है जो आगे जाकर सबको सिखा सुनाना है और हर उस घर में दो किलो अलग से मिठाई जाएगी जिस घर से आवाज आई थी कि इससे नहीं हो सकता है अलग से एकदम ले भैया य तेरे लिए स्पेशल है यहां पर एकदम तारीफ करने वालों की कमी हो जाए जलने वालों की कमी नहीं होना चाहिए एकदम मिसाल बनी है आप सब लोग को हमारा आप सब लोग को ढेर सारा शुभकामनाएं दुआए आपके ठोकर आएंगी लगेंगी ठोकर उसी को ठोकर लगती है ना जो चलता है जो सुतल है बेट पकरा कोंची का ठोकर लगने वाला है और ठोकर नहीं लगेगी तो नहीं आगे बढ़ सकते हैं काम चोरों से तो इंडिया परेशान है जो कुछ नहीं करता वो भी संडे को आराम करता है अरे रे लिए कोज का संडे यार काम बस ईमानदारी से कीजिए हम लॉकडाउन का एक छोटा सा एग्जांपल देते हैं हमारे यहां एक लेबर था जो नहीं काम करते हैं लेबर लोग उनकी बहुत दुर्दशा हो गई लॉकडाउन में रियल में एक्चुअली उनके साथ प्रॉब्लम क्या है ना दे डोंट हैव बैकअप मनी वो डेली कमाने वाले हैं डेली खाने वाले हैं उनका अगर 10 दिन का दिहाड़ी बंद हो गया ना तो उनके लिए बहुत दिक्कत आ जाती है और लॉकडाउन में बेचार के साथ क्या हो गया आप इतनी पॉपुलेशन है गवर्नमेंट भी कितना को देख सकती है एक लिमिटेशन है वहां पर तो उसके साथ बहुत दिक्कत आ गया तो हमसे बेचारे हम भी लॉकडाउन में खाली बैठे थे तो हमसे बोले कि देखिए एक ठो तो काम नहीं मिलता है मिलता है तो हम लोग को महीना में 20 दिन मिलेगा 22 दिन मिलेगा हम लोग के पास बैकअप नहीं होता है तो उसको हमने एक छोटा सा बात बोला कि भाई देखो एक काम बस मेरा एक महीना करके देखना नहीं अच्छा लगे तो छोड़ देना काम प जाते कितने हो तो बताया कि 8 बजे जाते हैं अलग-अलग शहर में वो का काम करने वाले मजदूर जो आते हैं मिस्त्री उनका टाइमिंग अलग अलग हो सकता है हमारे य 8 बजे आते हैं लोग और फिर दोपहर में लंच करते हैं शाम में चार पा बजे पा बजे चले जाते हैं तो 8 बजे के काम में आप कितने बजे जाते हो कहा कि सर वही पहुंचते पहुंचते सवा हो जाता है नीनी बनाते बनाते चाय पीते ढ़ हो जाता है हम क एक बात बताओ यह आधा घंटा तुम किसम काटे तो कहा कि जहा काम करने गए ना उनके में से नहीं यही गड़बड़ है आप अपनी जिम्मेदारी में से आधा घंटा काट लिए थे आप वहां 15 मिनट पहले पहुंच के देखो तो क्या बोलते हैं मास्टर पगला गए भाई देख एक महीना काम करके देखो बस तुम 15 मिनट पहले पह के देखो वो इंसान 15 मिनट पहले पहुंच जाता था 5 मिनट पहले ही काम चालू कर देता बाकियों के आने से पहले लंच पर जाते थे तो जब सब चले जाते थे एक आद मिनट लेट से लंच जाते थे कुछ नहीं होने वाला है एक आद मिनट लंच के खत्म होने से पहले ही चले आते थे बाकी लंच खत्म हो गया 10 मिनट बाद आ रहा है वो लंच खत्म होने से एक आद मिनट पहले ही चले आते थे जब सारे लोग 5:00 बजे चले जाते थे तो 5:5 मिट प जाते तो हमसे कहे कि खान सरी आप बता रहे हैं नहीं बहुत उ पटांग बात बता रहे हैं आप भैया एक महीना काम कर लो हाथ जोड़ लेते हैं आज के टाइम पे जब एक महीना काम किया 10 दिन के अंदर लोगों को हो गया यार कितना ईमानदारी से काम करता है आज उसको फोन से लोग बोलते हैं कि भाई मिस्त्री खाली हो फोन से बोलते हैं और लोग क्या कहते हैं पता है इसको काम दे देंगे ना तो टेंशन नहीं है टेंशन नहीं है काम वही है आप दुनिया का कुछ भी कीजिए बशर्ते क्या कीजिए ईमानदारी से और आपके यहां जो काम करने आ रहा है ना प्लीज उसका भी आप लोग मतलब जो भी आप लोग एंटरप्रेन्योर है तो आपके अंडर में भी लोग काम करेंगे उसका भी ध्यान रखिएगा एक परिवार की तरह ये नहीं कि उसका भी रोक रख के सैलरी रख ले दो महीना तीन महीने का और उसके बाद कहेंगे कि चौपट का हो रहे हैं ऊपर वाले की लाठी में आवाज नहीं होता इस चीज को हमेशा याद रखिएगा देखिए जैसे बड़ी कंपनी याद रखिएगा बड़ी कंपनी कस्टमर तक डायरेक्ट नहीं पहुंचती है बीच में एक डील डिस्ट्रीब्यूटर रखती है डायरेक्ट कस्टमर को सामान नहीं बेचती है अगर किसी बिस्किट कंपनी को तो सोचिए का बिस्किट डायरेक्ट नहीं देगी बीच में क्या रखती है डिस्ट्रीब्यूटर रखती है उसी तरह ऊपर वाला भी ना सबको हाथ में डायरेक्ट पैसा नहीं देता है बीच में एक डिस्ट्रीब्यूटर रखता है हो सकता है आप एंटरप्रेन्योर वही डिस्ट्रीब्यूटर है आपके माध्यम से गरीबों का चूहा जलता है आप मत मारिए आप प्लीज उन गरीबों का हक मत मारिए नहीं तो बड़ी कंपनी को दिख जाता है कि यह डिस्ट्रीब्यूटर ठीक नहीं है तो उस डिस्ट्रीब्यूटर को चेंज कर देता है अगर गरीबों का हक मारेंगे और ऊपर वाले को नजर पड़ गया कि यह डिस्ट्रीब्यूटर ठीक नहीं है तो साइड कर देगा और फिर कहेंगे कि अब हमारा बिजनेस चौपट हो गया अरे बाबू तुम खुद चौपट किया [संगीत] अपने दो तरह के सवालो का जवाब आपको इस वीडियो में मिलेगा एक इंस्पिरेशन और मोटिवेशन क्योंकि खान सर आ रहे हैं आपके हर सवाल की बॉल पे मारेंगे सिक्स आपकी कंफ्यूजन को कर देंगे एकदम फिक्स खान सर आपको अमेजिंग सवाल जवाब में चर्चा करेंगे एक और मैं आपको फ्री में जबरदस्त आइडिया दे रहा हूं अगर आपके बिजनेस पे कोई सवाल है उसका कोई जवाब नहीं मिल पाया चाहे वो कैश फ्लो का है मैनपावर का है बिजनेस में जे कर्व लाने का है नया कस्टमर लेकर के आने का है कंपटीशन को बीट कर देने का है नई टेरिटरी नया मार्केट नया रिटेल आउटलेट नया डिस्ट्रीब्यूशन नेटवर्क मैं होलसेलर बनना चाहता हूं मैन्युफैक्चरर बनना चाहता हूं एक्सपोर्ट करना इंपोर्ट करना ना ई-कॉमर्स पे जाऊंगा मेरे पास मैन पावर नहीं आती टिकती नहीं अरे पेमेंट की दिक्कत आ रही है अरे पीछे पैसा फस गया मुझको लोन कैसे मिले कितनी तरह की समस्याए इस पर से कोई सवाल है आपका तो मैं उसका फ्री में आंसर दूंगा आपकी कंफ्यूजन सलूशन मेरा ंडर स आपकी गाइडेंस मेरी रियल टाइम दूंगा आप ही की भाषा में हिंदी में पूछ लो इंग्लिश में पूछ लो गुजराती में पूछ लो आस्क डॉ विवेक बिंदरा # डॉ विवेक बिंदरा इस वीडियो को शेयर करिएगा खान सर के और हैशटैग यूज करिए आ डॉ विवेक बिंदरा कोई संकोच नहीं मेरे संग कोच है आपको क्या बोलना है कोई संकोच नहीं आपके संग कोच है कोच कौन डॉक्टर विवेक बनरा तो आपको एक लिंक दे रहा हूं उस लिंक पे जाना है और जाकर के जो भी बिजनेस का सवाल है मुझसे पूछना है पैसे नहीं लगेंगे पांच सवालों के उत्तर तो फ्री दूंगा उसके बाद आपका मन करे तो आप आगे हमारा कोई प्रोग्राम जवाइन कर सकते हैं मैं आपका 24 घंटे सातो दिन का कोच हूं हां आप कोई जरूरी नहीं आपको पैसा खर्च करना पांच सवालों के जवाब आपको फ्री दूंगा लिंक प जाओ अपना सवाल पूछो और मुझसे डायरेक्ट आंसर लो अब सुनते हैं वो जवाब जो कि खान सर देने वाले हैं धन्यवाद खान सर आपका पूरा नाम जानना चाहते हैं और थोड़ा आपने स्ट्रगल कैसे किया उसके बारे में बताइए बिल्कुल आपको अधिकार है पूरा नाम जानने का लेकिन हमने इतिहास से यह सीखा है कि इतिहास से कोई कुछ नहीं सीखता है हम आपको एक एग्जांपल देते हैं जलिया वाला बाग हत्याकांड हुआ तो उन निर्दोषों की कोई गलती नहीं थी थोड़ा सा आपको हम अपने थोड़ा सा हिस्ट्री की ओर ले जाते हैं आप बिजनेसमैन है शायद इंटरेस्ट ना हो तो र थोड़ा सा तो जलियावाला बाग में जब हत्याकांड हुई जनरल ओ डायर ने जनरल आर डायर को कहा कि गोली चला दो उस चोट्टे ने गोली चला दिया लेकिन आदेश दिया था जनरल डायर गोली मारा गया उन नि हतो की क्या गलती थी ना जाति देखी गई ना मजहब देखा गया गोली मार दिया गया उस गोली मारने के 21 साल बाद 1919 की घटना है 1940 में उधम सिंह भारत का वह वीर अमर रहे उदम सिंह जब इंग्लैंड में गए और लंदन में उसके घर में घुस के उदम सिंह के छाती पर गोली मारे थे व और जब जज ने पूछा था कि नाम क्या है तो उन्होंने कहा था राम मोहम्मद सिंह आजाद राम मोहम्मद सिंह आजाद समझ में आ गया मेरा नाम क्या [प्रशंसा] है इस देश का इस देश का इतना गौरवपूर्ण इतिहास अगर हम भूलेंगे तो इतिहास माफ नहीं करेगा और उन शहीदों के लिए यह एक शर्म की बात हो जाएगी उनकी आत्मा को उस दिन गर्व जब हम सब अपनी जाति धर्म मजहब छोड़कर एक हिंदुस्तानी कहलाएंगे यहां पर जब हम गुलाम थे तो हिंदुस्तानी थे आजादी ने हमें हिंदू मुसलमान बना दिया यहां पर आज भी अगर आप कहते हैं कि मेरा नाम क्या है तो सुन लिए आपको जवाब मेरा नाम क्या है आई एम इंडियन में कर दे के ला हिम्मत है तो रो और जुरत है तो मा रे आज रखती है मेरी ज अभी 21 है ठीक है तो मैंने अभी रिसेंटली कॉरपोरेट लाइफ में एंटर किया है तो मैंने चाणक्य नीति पढ़ी थी तो चाणक्य नीति में चाणक्य जी एक चीज बोलते हैं वो कहते हैं कि जंगल में जो टेढ़े पेड़ होते हैं वह बाद में कटते हैं लेकिन जो जंगल में सीधे पेड़ होते हैं वो तुरंत कट जाते हैं तो आप मतलब तो समझ गए होंगे कि लाइफ में क्या करना चाहिए और किस तरीके से हमें मतलब टेढ़े बन के रहना चाहिए कि अपने सीधे बन के रहना चाहिए देखिए समझिए ध्यान से जैसा देश वैसा भेस अगर प्यार से बात करने वाले हैं तो प्यार से बात कीजिए सब लोग प्यार से नहीं मान सकते हैं और अगर सब प्यार से मान सकते थे तो बांसुरी बजाने वाला कृष्ण कन्हैया कभी महाभारत होने नहीं देते लेकिन एक चीज हमेशा याद रखिएगा अगर आप किसी से अकड़ जाते हैं अगर आप किसी से अकड़ जाते हैं रूडली बात कर लेते तो फिर प्यार से बात करने का ऑप्शन हमेशा के लिए खत्म हो जाता है हमेशा के लिए खत्म हो जाएगा फिर आप उसे प्यार से नहीं समझा सकते लेकिन अगर आप उसे शुरुआत में प्यार से डील करते हैं डील करते हैं तो अकड़ने का ऑप्शन तो लास्ट तक रहता है यह शुरुआती ऑप्शन गड़बड़ नहीं कीजिएगा और मिजाज में कुछ शक्ति भी जरूरी है वरना लोग पी जाते अगर समंदर खारा ना होता अपने आप को इतना भी सस्ता मत कीजिएगा कि दो कोड़ी का इंसान खेल के चला जाए ठीक है तो आपका एटीट्यूड डिपेंड करना चाहिए सामने कौन है एक जैसा नहीं हा अतिथि देव भवा है इसी चक्कर में अंग्रेज धो के चल गए हम लोग हम लोग रहते वास्को डिगामा को बांध के मारते प मैं तीन विद्यालय का संचालन कर रहा हूं और वर्तमान में कानपुर देहात में सबसे टॉप में विद्यालय मैं चाहता हूं कि उस संस्था को प्रदेश और देश लेवल पर ले जाऊं तो क्या उसके लिए सुझाव चाहता हूं आपसे सर थोड़ा सा एक चीज करिएगा आप संस्था को टॉप या संस्था को बेटर से बेटर आप एक कोशिश कीजिएगा कि संस्था में पढ़ रहे वाले बच्चों को टॉप करा दे बस वो बच्चे टॉप रहने चाहिए सर हमारी संस्था में जाएंगे वो गोदाम अनाज रखने वाले गोदाम को हम क्लासरूम बनाए हैं हमारे यहां लगभग दो 250 लड़के जमीन पर बैठ के पढ़ते हैं हमने कभी संस्था पे ध्यान ही नहीं दिया जब भी ध्यान दिए बच्चों पर ध्यान दिए तो सर एजुकेशन में वो करना है कि वो बच्चे ब्रांड एंबेसडर बने आगे [प्रशंसा] [संगीत] जाके

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