क्यों आज भी देश की 30% महिलाएँ पढ़ नहीं पाती Women's Day Dr Vivek Bindra News ABP Live
30% महिलाएं हमारे देश में ऐसे हैं जो एजुकेशन की शुरुआत भी नहीं कर पाती एक तरफ पीवी सिंधु मीराबाई चानू साक्षी मलिक ओलंपिक में मेडल लेकर ए रही है दूसरी तरफ 40% महिलाएं स्पोर्ट्स में आज भी भेदभाव को एक्सपीरियंस कर रही है बड़े इज्जत और सलमान के साथ में महिलाओं को धन्यवाद करना चाहता हूं जो इस पृथ्वी इस सृष्टि को जिसने नरम बना रखा है ऐंठन यू सिर्फ एक चैलेंज है और महिला के लिए और बड़ा चैलेंज है क्योंकि हमारे देश में हर 100 अंतर पाने और में महिलाएं केवल साथी ही है 45% जो महिलाएं हैं ना हमारे देश में 15 से 29 साल की वो इंगेज्ड ही नहीं है उत्तर प्रदेश में लड़की को कब उसकी पहचान मिलती है लड़की जो है उसको स्टार्टिंग में जब शादी नहीं होती है तो उसके फादर का नाम होता है जब शादी हो जाती तो हस्बैंड का नाम लग जाता है वो कौन सा टाइम आता है जब उसको अपने पहचान मिल जाती है अपना नाम मिल जाता है और को किस तरह से हमें देखना चाहिए मैं ये कहना चाहूंगा की एक पूरी कम्युनिटी को उसकी जो प्रोग्रेस है वह कम्युनिटी की प्रोग्रेस एक महिला की प्रोग्रेस से ही देखी जानी चाहिए बी आर अंबेडकर कहा करते द हमारे पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू ने कहा की यू कैन तेल अन कंडीशन ऑफ अन वुमेन यू कैन तेल कंडीशन ऑफ नेशन बाय लुकिंग आते डी स्टेट ऑफ इट्स वुमेन उसे देश के अंदर महिला का स्टेटस क्या है वैसे आज भी है विवर्स फिर भी मानते हैं हम ये महिला दिवस जब भी किसी लड़की से कोई पूछता है ना की आप क्या बन्ना चाहते हैं आगे बढके तो कहते हैं डॉक्टर इंजीनियर साइंटिस्ट पर उनके दिल की बात पूछे तो वो चाहती है सी वांट्स तू बी ट्रीटेड इक्वली हमें ना हमारे देश को मैच के लिए इन फेमिनिज्म या मैस्क्युलिज्म या फेमिनिज्म नहीं चाहिए हमें ह्यूमैनिज्म चाहिए अगर यह बैलेंस नहीं हुआ ना एक ज्यादा और एक कम हुआ तो दोनों अधूरे रह जाएंगे क्या भाई साहब हमने एक मेंस वर्ल्ड बनाया और हम चाहते हैं की महिलाएं उसमें सफलता प्राप्त करें तो दोनों का वर्ल्ड तैयार करना पड़ेगा महिलाओं के लिए अपॉर्चुनिटी बड़ी है इसलिए नहीं की सोसाइटी में इसलिए क्योंकि टेक्नोलॉजी ए गई है मशीन ने आज मसल्स को ओवर पावर कर दिया कहने का मतलब यह की आपकी सफलता आज आपके इंटेलिजेंस में डिपेंड करती है आपकी मसाला पे डिपेंड नहीं करती इसलिए पिछले काफी समय से ये लेवल प्लेइंग फिल बनाया है मैं तो भाई साहब ये पूछना चाहता हूं महिला से तीन प्रश्न पहला डू यू ओनली और बैंक अकाउंट दूसरा की आपके अपनी इंश्योरेंस है तीसरा क्या आप अपनी इन्वेस्टमेंट खुद कर सकते हैं अगर आपका बैंक अकाउंट है इंश्योरेंस आप खुद ले सकती हैं इन्वेस्टमेंट अपनी कर सकती हैं जो की मेजॉरिटी वुमेन हमारे देश में ना बोल देंगी फाइनेंशियल इंडिपेंडेंट अगर नहीं मिलेगा ना तो उसका आंसर कभी मिल नहीं सकता है तो महिलाओं के हमारे देश में दो साइड है एक तरफ सिंधु ताई जो डेढ़ हजार ओरफोन बच्चों को अनाथ बच्चों को जिन्होंने पाल था और दूसरी तरफ डेढ़ करोड़ महिलाएं जो आज भी हमारे देश में विक्ट्रीम है दो देश है हमारे देश में गीता गोपीनाथ इंदिरा नई है लीना नायर है जो ग्लोबल इंस्टिट्यूट को डायरेक्शन दे रही है दूसरी तरफ 30% महिलाएं हमारे देश में ऐसे ही जो एजुकेशन की शुरुआत भी नहीं कर का रही है एक तरफ ऐसा थॉमस अनानी चतुर्वेदी है जो डिफेंस में अपनी भागीदारी बना रही है दूसरी तरफ फीमेल आज आम लोगों की सिम सोच के कारण आज भी रोज लड़ रही है एक तरफ पीवी सिंधु मीराबाई चानू साक्षी मलिक ओलंपिक में मेडल लेकर ए रही है दूसरी तरफ 40% महिलाएं स्पोर्ट्स में आज भी भेदभाव को एक्सपीरियंस कर रही है धन्यवाद सीखते हैं वो भी बिना पैसे लिए एक वर्कशॉप करते हैं उसे स्कीम में सर वूमेंस के लिए क्या है जो वुमेन घर पे बैठे हैं उनको आप किस तरीके से उसको मोटिवेट कर सकते हैं क्या सीखते हैं आप उसे स्कीम के थ्रू एक रुपए मेरे को महिलाओं के लिए हमने एक मॉडल बिल्ड किया है इसको बोलते हैं इंडिपेंडेंट बिजनेस कंसल्टेंट एक पावरफुल ऐसा मॉडल है जहां पे हम कहते हैं एनीबॉडी कैन डेफिनेटली ऑन ए बी सी दी आई हम उनको सीखते हैं वो सारे स्किल्स को माइंडसेट 21वीं साड़ी के जितने भी स्किल सेट चाहिए जिससे वो गैप को खत्म किया जा सके जिससे आप अपने आप को बिल्ड कर सके आप घर पे रहके भी कम कर सकते हैं अपना ऑफिस सेटअप करके कर सकते हैं कैसे आपको शुरुआत करनी है शुरुआत की चैलेंज क्या बिजनेस खड़ा कैसे करना है बिजनेस बढ़ा कैसे करना है मार्केट की समस्याओं को कैसे उसका समाधान निकलना है तो मतलब पनीर और शिप पे बड़ा बिजनेस में बहुत कम किया है हमारा बड़ा बिजनेस का आइडेंटिटी ही यही है ये अंग 300% से ज्यादा हर साल इसीलिए ग्रो करती है क्योंकि हम लोग लोगों के चैलेंज को समस्याओं को जिनको सीखने वाला एक आम आदमी को कोई स्कूल मैनेजमेंट कॉलेज कोई बिजनेस स्कूल ऐसा बना नहीं है जो इतना फोल्डेबल तरीके से बेलन ने प्रोफेसर के साथ से खा सकते हैं और वो ही कंसिस्टेंटली हम कर रहे हैं हमारी आइडेंटिटी यही है बड़ा बिजनेस कंपनी का नाम भी ऐसे रखा गया बड़ा बिजनेस कैसे बिजनेस को बड़ा किया जा सके जिसे महिलाओं के भागीदारी बढ़ा रहे हैं आज 8 मार्च को मैं सारी महिलाओं को इनवाइट करता हूं की मेरे फिर भी विनर को आगे जरूर अटेंड करिए सन्डे को और अपने बिजनेस की शुरुआत कारी है हमारे साथ बहुत सारी महिलाएं सबसे छोड़ेंगे और बहुत कुछ सीखने को मिलेगा उनको बिजनेस के ऊपर तो सर जो वुमेन एंटरप्रेन्योर्स होते हैं वो क्या चैलेंज करते हैं क्योंकि उनका तो काफी फर्क होता है उसमें कुछ नीचे कुछ ज्यादा तो ऐसा क्यों होता है क्या दिक्कतें हैं बिल्कुल ठीक मोहम्मद अरशद जी औरतों का सबसे बड़ा संघ है संघर्ष संघ है इनका संघर्ष औरतों के संग रहकर के भी उनका सारा हर्ष उनके संघर्ष में समाप्त हो जाता है राइस सोई हो या मैदान हो ऑफिस से या कोई भी स्थान हो आज की नारी हो या हमारे पुराण हो नारी की चाह पर ए रही चलती आई है नारी की बारी सबको खटिया आई है तो वुमेन पावर ये ऐसी है की जो विद्या भी है वो लक्ष्मी भी है वो अन्नपूर्णा पेट भरने वाली भी है जब बात सम्मान पे ए जाए तो वो मां काली भी है तो आपका जो सवाल तौर पर आता हूं की वुमेन उत्तर प्रदेश और क्या चैलेंज फेस कर रहे हैं और जो डिस्पेरिटी है अर्निंग में ऐंठा पुणे यूनिवर्सिटी पे चैलेंज है और महिला के लिए और बड़ा चैलेंज है क्योंकि हमारे देश में हर 100 अंतर पाने और मैं महिलाएं केवल साथी हैं उनको चाहिए क्या उनको शुरुआत में फैमिली चाहिए फंड चाहिए फ्रेंड्स चाहिए फ्री वर्किंग एनवायरनमेंट चाहिए एक फेयर फ्री एनवायरनमेंट चाहिए है तो ऐसे कहूंगा मैं आपको मोहम्मद अरशद जी के नारी में जो ना है इसका मतलब यह नहीं है की ना उसके लिए बना है तो मैं आज आपको बताऊंगा की चार-पांच ऐसे चैलेंज या खास तौर से चार ऐसे चैलेंज जो महिला को आते हैं जिसको अगर ठीक किया जाए तो वो वुमेन सुपर वुमेन बन सकती है पहला सोशल एक्सपेक्टेशन मुझसे एक्सपेक्ट किया जाता है वो घर के सारे कम संभल ले पहले कम भी करना हो तो भी नाश्ता में वही बनाए खाना भी वही बना है रात का खाना भी वही बनाए बिस्तर अभी वही ठीक करें कपड़े भी वही लगाए प्रेस भी वही करें सबका घर के सारे कम साफ-सफाई से लेकर के कपड़े धुलाई से लेकर के तो वो सोशल एक्सपेक्टेशन है वो उसको समय नहीं दे पता है दूसरा उसको फंड्स का एक्सेस नहीं मिलता है 30% स्टार्टअप इसीलिए फैल हो जाते हैं क्योंकि उनको फंड नहीं होते सफिशिएंट फंड शुरुआत में जरूरी होती है कम से कम पहले तीन-चार साल तक लेकिन आप हैरान हो जाएंगे 1% नहीं परसेंट वीसी फंडिंग महिलाओं के मॉडल पे इन्वेस्ट कारी गई है यानी की 1% भी पैसा केवल पॉइंट थ्री परसेंट पैसा वीसी फंडिंग जो है वो इंडियन वुमेन लीड कंपनी तीसरी बात बहुत कम सेक्टर है जो वुमेन के लिए फ्रेंडली सेक्टर माने जाते हैं एजुकेशन को माना जाता है टीचर बन जाओ अप्रैल कपड़ों के लिए या ब्यूटी केयर के लिए ये उनके एक्सपीरियंस को उनकी अपॉर्चुनिटी को उनके कैपेबिलिटी को उनके ग्रोथ को लिमिट कर देता है अगर ज्यादा सेक्टर वुमेन फ्रेंडली बने तो बात बनेगी और चौथी चीज उनके मोबिलिटी की दिक्कत आज भी भारत को उतना साफ महिलाओं के लिए नहीं माना जा रहा है पेरेंट्स और फैमिली मेंबर्स इस स्ट्रेस में रहते हैं की वो ट्रेवल करेगी किस होटल में रहेगी होटल में सेफ रहेगी नहीं रहेगी मोटर राइज दुबई कल अगर आप देखेंगे तो जितने पुरुषों के पास हैं अगर हमारे यहां महिलाएं गाड़ियां और बाइक्स स्कूटर केवल 10% पे भी पहुंच जाए पुरुषों के मुकाबला तो बहुत फर्क ए जाएगा मोबिलिटी में अगर उनकी मोबिलिटी लिमिट हो जाती है वो ट्रेवल नहीं कर पाती है वो बाहर नहीं जा पाती है तो उनकी ग्रोथ को ये बहुत रुकावट देता कमल की बात है जिस देश में हर साल बोर्ड के एग्जाम्स में महिलाएं आगे रहती हैं लड़कियां आगे रहती हैं वहीं एक मानसिकता की वजह से पे में पीछे जाती है जिस पे की बात आप कर रहे द स्त्री कभी हारती नहीं है उसे हराया जाता है समाज क्या कहेगा ये कह के उसे डराया जाता है तो आप मैं इस प्रश्न को समाप्त करने से पहले स्वीडन का बता डन स्वीडन जेंडर इक्वलिटी पॉलिसी उनकी इतनी अच्छी है की वुमेन रैंक उसकी जो है नंबर वैन इस समय वर्ल्ड में खासतौर से उसे जेंडर इक्वलिटी इंडेक्स में बात कर ली महिलाओं की प्रॉब्लम्स की और उसके पीछे क्या रीजन है अब इसका समाधान क्या हो सकता है की वुमेन एंटरप्रेन्योर्स की जो हिस्सेदारी है वो पढ़े क्या रीजन हो सकता है क्या सॉल्यूशन हो सकता है मैं देखो महिलाओं को क्या चाहिए आप उनकी हिस्सेदारी बढ़ाना चाहते हो उनको एक क्वालिटी बटोर ट्रीटमेंट दे डोंट वांट तू बी जस्ट उनको फाइनेंशियल इंडिपेंडेंट चाहिए ठीक है अब देखो लेकिन हो क्या रहा है हमारे देश में औरत की हालत हमारे देश में एक फूल की तरह फूल कैसा है या तो उसे भगवान के दर्जे पे सजाया जाता है या पैरों के तले उसको रोंडा गया है एक तरफ तो वो मर्दानी है दूसरी तरफ वो मर्द जो लिख रहे हैं अपनी महिला की कहानी है के से किचन के से कैरियर तो के से किचन के से कैरियर में एक पर ध्यान दे दिया पर एक यानी किचन पर ध्यान दे दिया पर दूसरा के कैरियर बनाने पर ध्यान ही नहीं दिया तो आपको यह स्वीडन से आप सिख सकते हैं वो मैटरनिटी लीव कंबाइन 480 दिन के नेता है वो मंथली अलाउंस देता है पर चाइल्ड के वो महिला अपने बच्चे का लाओस दे देंगे उसको पैसा दे देंगे 16वें जन्मदिन तक तो महिला कम भी कर पाती है साथ-साथ वो जेंडर इक्वलिटी पर अलग ही लेवल का कम कर रहे हैं ये अलग ही देश है यह कहता है की लड़कियों को बाइक्स स्कूटर कर और गण जैसे खिलौने भी दे दो और लड़कों को डोल से भी खेलना सिखाओ आपको पता है आज स्वीडन में 66% जो कॉलेज के डिप्लोमा है वो फीमेल स्टूडेंट को मिल रहा है लड़कों से भी ज्यादा मिल रहे हैं आधे मंत्री उनके देश के अंदर महिलाएं हैं हाफ ऑफ डी कंट्री मिनिस्टर ऑफ मांस इनकम जेनरेट कर रही है ये काफी अच्छा नंबर माना जाता है भारत के अंदर अभी केवल परसेंट शहरों में भी केवल 33% महिला एंड इंडिपेंडेंट इन्वेस्टमेंट कर पाती है तो तकलीफ कहां है आज जो हमारे देश में रेप केस हो रहे हैं उसमें 10% से कम रिपोर्ट होते हैं और जो 10% रिपोर्ट होते हैं उसमें भी 95% जो ऑफर है उसका अपना जानने वाला रिश्तेदार होता है चाचा होता है ताऊ होता है दूर का मौसम होता है जो रेप करने वाला है वो असली प्रॉब्लम घर के अंदर है घर के बाहर नहीं है लड़कियों के अंदर एक सहज पैदा करना चुप्पी तोड़ो थोड़ा खुल के बोलो जो प्रॉब्लम घर के अंदर है जब उसको ठीक कर दिया तो महिलाओं को जगह मिल जाएगी कुछ ऐसा कम नवनीत से केला जी ने भी किया था जिन्होंने एक हेल्पलाइन चालू की थी कंप्लेंट रजिस्टर करो एक्शन होगा 24 घंटे के अंदर हेल्पलाइन बहुत है लेकिन उसका एग्जीक्यूशन नहीं हो पता है तो आप दुनिया भर से अगर बेस्ट प्रैक्टिस ले लो एक मैं वर्ल्ड बैंक का एक इनीशिएटिव में v5 जैसे होता है वाईफाई ऐसे उन्होंने बनाया सी फाइव सी फाइव में वो 250 मिलियन डॉलर वुमेन एंटरप्रेन्योर की मदद के लिए उन्होंने दिया है कनाडा गवर्मेंट ने क्या बोला है की हम चाहते हैं की हमारे यहां डबल कर दे हम महिलाओं का पार्टिसिपेशन ऑन उत्तर प्रदेश में भारत देश को भी होना चाहिए कैनेडियन गवर्नमेंट डेढ़ बिलियन डॉलर लगा रहा है इसके लिए अगर आप चेक करो आयरलैंड ने 2025 का एक इनीशिएटिव लेकर के आया उनका ए में के 100% आइलैंड की महिलाएं वुमेन लीड कंपनी में 2025 तक पार्टिसिपेट कर सकें उस ने भी एक बिजनेस सेंटर बनाने शुरू कर दिया महिलाओं को उन्होंने डेढ़ लाख महिलाओं के लिए बिजनेस सेंटर बना दिया अगर आपके पास ऑफिस नहीं है तो आप यहां पे आके ट्रेनिंग बिजनेस डेवलपमेंट फंडिंग और फिर चुनौती महिलाओं के लिए अलग ऑफिस बना दिया उन्होंने यहां पे आकर क्या फ्री में सुविधा लेके जाइए इसको बीबीसी बोलते हैं वुमेन बिजनेस सेंटर इन उस और ऑस्ट्रेलिया के 1:00 बजे अच्छी लगी आप देखेंगे अरशद भाई ऑस्ट्रेलियाई एक्सीलरेटर और इनक्यूबेटर महिलाओं के लिए अलग कर दिए उन्होंने क्या किया सपोर्ट उनको क्वालीफाई करना उनको एडवाइस करना उनको शोकेस करना है उनकी स्टार्टअप फंडिंग के लिए उनको वुमेन लाइक बिजनेस को अलग लेवल का सपोर्ट देना तो बेसिकली अगर यह सब किया जाए तो महिलाओं को बहुत फायदा होगा इंपॉर्टेंट है मोहम्मद अरशद जी बहुत इंपॉर्टेंट है वही क्रिएट करती है नर्चर करती है और ट्रांसफॉर्म करती है इस पूरी पृथ्वी को ऐसे में महिला वो नारी है बेचारी नहीं है उसका मेंटली स्ट्रांग होना बहुत जरूरी है एडरवाइज वो मेंटली स्ट्रांग नहीं होगी तो स्ट्रांग्ली मेंटल हो जाएगी और वो ब्रेकडाउन को सफर करेंगे हां उसको एडवर्सिटी को अपॉर्चुनिटी में कन्वर्ट करना है उसके पास में ऐसे रेफरेंस पॉइंट होनी चाहिए उसको ऐसी बायोग्राफी पढ़नी चाहिए उसको ऐसी बायोग्राफी बेस्ट मूवी और बुक्स पढ़नी चाहिए जिससे उसको इंस्पिरेशन मिल सके जिससे वो स्ट्रेस को स्ट्रेटजी में बनाए जिससे वो होपलेस एंड को इंग्लिश थोक बना है जिससे वो गिव अप नहीं करे वो गेट अप करें उत्कृष्ट जागृत प्राप्ति नहीं बोलता जैसे स्वामी विवेकानंद ने कहा उठो खड़े हो जागो हो आगे बढ़ो उनको आज उन चीजों पर फोकस करना थी जिसको वो कंट्रोल कर सकते हैं मैं यही कहना चाहता हूं की आज मोहम्मद रशीद भाई मैं आपके इस इंटरव्यू से और आपके माध्यम से सबको बताना चाहता हूं क्यों बता रहा हूं क्योंकि मैं फ्री में मदद करने जा रहा हूं अब्सोल्युटली फ्री ₹1 नहीं ले रहा हूं महिलाओं के लिए मैं एक वेबीनार मैं जा रहा हूं इस सन्डे को दोपहर को 12:00 बजे जिसका मैं लिंक दे रहा हूं जहां मैं उनको अंतर पनिश्ती के कई टिप्स और ट्रिक्स और स्ट्रेटजी दूंगा लेकिन कंपलीटली फ्री दूंगा आपके चैनल के माध्यम से मैं पहुंचाना चाहता हूं क्योंकि आज वुमेन दे है और साल में एक बार वूमेंस दे पर हम कुछ ना कुछ स्पेशल लेकर के आते हैं तो सब महिलाओं के लिए ये सोलो प्रनंसीएशन पर अंतर प्राणियों से फ्री प्रोग्राम करेंगे उनको मेंटली स्ट्रांग बनाने में और उनको बिजनेस के लिए भी स्ट्रांग बनाने में मदद करना चाहते हैं यही यूपीएससी मेरे लिए यूपीएससी यही है अन्यफ्फेक्टेड पीसफुल स्टेबल कंसंट्रेशन यूपीएससी अंडरफेक्टेड पीसफुल स्टेबल कंसंट्रेशन तभी उनकी मेंटल हेल्थ ठीक होगी हमारे साथ जुड़े रहने के लिए आपका मोहम्मद अरशद जी बहुत-बहुत धन्यवाद
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