Ep 30 Deep Spiritual Conversation With Jaya Kishori Bada Bharat Dr Vivek Bindra
जया जी आप तो अपने आप में गुना का घराना है और आपको सुनने में बहुत कम में पता ही नहीं चला किसी को भी यहां पर की कैसे वक्त फाटक से निकल गया तो बहुत बहुत धन्यवाद जय किशोरी जी आपका और बल्कि मैं तो आपको रिक्वेस्ट करूंगा की आप ही लोगों को बताएं की इस वीडियो को क्यों शेयर किया जाना चाहिए क्योंकि इसमें पर्सनल दो तीन मैसेज मैंने भी पकड़े हैं आप मुझे ऐसा लगता है पहली चीज तो आपके वीडियो को लेकर बोलना ही नहीं चाहिए की शहर क्योंकि वो करते ही हैं और मैंने भी आपकी इतने वीडियो देखे और मैंने बहुत कुछ सिखा है स्पेशली जवाब गीता जी के ऊपर बात करते हैं और वो एक मेडिसिन है जैसा मैंने कहा और आप मेडिसिन पहुंचा रहे हैं लोगों तक उनको ठीक कर रहे हैं उनकी तबीयत ठीक कर रहे हैं जो मेंटली यू नो हम एक स्ट्रेस में एंजायटी में डिप्रेशन में और हमें रास्ता नहीं दिख रहा वो शायद रास्ता गीता जी ही है तो जो आप कर रहे हैं तो बहुत बहुत अच्छी बात है मैं बहुत खुश हुई थी जब मुझे पता चला था की मैं आपसे मिल रही हूं आपसे बात कर रही हूं तो पहली चीज तो आप इसीलिए वीडियो देखिए क्योंकि इसमें गीता जी से रिलेटेड बहुत बातें कारी है हमने उनके कई ऐसे लोग जो आपके जीवन में बड़ा बदलाव ला सकते हैं वह बातें विवेक जी ने कही है मैंने जो बातें कही है मेरी जिंदगी से मैंने जो सिखा है कम से सिखा है वह आपकी जिंदगी में कैसे हेल्प कर सकता है चाहे वो कैरियर है चाहे वो रिलेशनशिप है चाहे वो आप अध्यात्म से जुड़ना चाहते हैं वीडियो बहुत जरूरी है आज की माहौल को देखते हुए तो वो सारी बातें हमने बहुत ही सिंपल वे में ताकि आप तक पहुंच पाए हर किसी तक पहुंच पाए कारी है तो आप जरूर देखिए इस वीडियो को बहुत-बहुत शुभकामनाएं रावण की तंग में रहने वाला रावण के संग में रहने वाला वानर के हाथों मार गया पर श्री राम की शरण में आने वाला भाव सागर से तार गया नमस्कार विवेक बिंद्रा बोल रहा हूं फाउंडर एंड सीईओ बड़ा business.com वेलकम तू डी बड़ा भारत छोड़ो और ट्रिब्यूट तो इंडिया ग्लोबल ब्रांड एम्बेसडर ऐसे लोग जो भारत को बड़ा भारत बनाते हैं हर हफ्ते होने की कहानियां हम आप तक पहुंचने हैं आज की जो हमारी मेहमान हैं संघ सुर सौंदर्य तीनों वरदान है गंगा की धारा जैसी इनकी दुकान है आध्यात्मिकता या आध्यात्मिक ज्ञान उसकी तो यह बहुत बड़ी खान है सत्संग कम है तो बताती हैं गीता का सर समझती हैं इस स्पिरिचुअल लेटर है एक डिजिटल इनफ्लुएंसर भी है दशहरे के पवन अवसर पर आप सबका स्वागत करेंगे जया किशोरी जी का नमस्कार देखिए थोड़ा स्पिरिचुअलिटी से शुरू करते हैं क्योंकि वह आपका सब्जेक्ट रहा है तो कहते हैं की जब परेशान होता है इंसान जब बीमार होता है तब जाकर के वह भगवान की शरण लेता है और वैसे गीता में कृष्ण ने कहा है चतुर विदा भजंते मैं जानना स्वीकृति और अर्जुन चार प्रकार के लोग भगवान की शरण लेते हैं एक जो बहुत दुखी होता है एक जिसको पैसा चाहिए होता है एक जो बड़ा जिज्ञासु होता है या भगवान ने सातवें अध्याय के 16वें श्लोक में बताया है वो भी भगवान की शरण लेता है जो भगवान का भक्त होता है लेकिन आज आपने 6 साल की उम्र में भगवान की शरण ली थी आपको उसके लिए बधाई और आप एक इंस्पिरेशन आप आध्यात्मिक रह पर चल दी पर आज का जो यूथ है वो विजुअल ज्यादा है स्पिरिचुअल कम है शो ऑफ दादा दिखावा कम है उनको अगर आध्यात्मिक रह पर इनवाइट करना हो तो आप उनके लिए क्या मैसेज देना चाहेंगे सिंपल सी बात है क्योंकि जो कंपटीशन आज है वह पहले नहीं था आज जितना कंपटीशन कैरियर में है रिलेशनशिप में है सोशल मीडिया पे है वो शायद पहले कुछ भी नहीं था तो जितना स्ट्रेस आज के बच्चों को है उतना पहले नहीं था जितनी मेहनत ज्यादा आज के बच्चों को करनी पद रही है अपने आप को प्रूफ करने के लिए सक्सेसफुल होने के लिए वो सब पहले नहीं था तो आई थिंक उनके लिए और ज्यादा जरूरी है स्पिरिचुअलिटी उनके लिए और ज्यादा जरूरी है की वो एक कम माइंड से अपना कम करें उनके लिए ज्यादा जरूरी है की एक samadrishti रखे संभव रखे ताकि वो ये जो चकाचौंध है भाग दौड़ है जिसमें आपको पढ़ना तो पड़ेगा अगर आपने ग्रस्त चुना है तो अगर आपको यह सब चाहिए लेकिन उसके साथ-साथ खुशी भी चाहिए उसके साथ साथ kamnas भी चाहिए उसके साथ-साथ पेशेंट्स भी चाहिए तो आई डोंट थिंक स्पिरिचुअलिटी से अच्छी कोई भी चीज हो सकती है उनके लिए आज क्योंकि दशहरा है तो एक प्रश्न थोड़ा रावण पर भी हो जाए की हर इंसान के अंदर अगर एक रावण है तो उसको कैसे जलाया जाए जैसे आज के समय में लोग बोल रहे हैं की रावण जैसे रावण भी अच्छा था यही आप जो का रहे हैं नेगेटिव चीजों की ओर जा रहे हैं की रावण बहुत शक्तिशाली था पर उसने वह शक्ति दूसरों को नीचे दिखाने के लिए राम भी बहुत शक्तिशाली द उन्होंने वह शक्ति दूसरों को ऊपर उठाने के लिए आप इतना अच्छा कम कर रहे हैं आप खुद एक बहुत अच्छी लीडर है और आप अच्छी लीडर्स बना रहे हैं जब श्री राम की बात आती है जब श्री राम ने रावण को मार दिया सब जीत लिया हम सब जानते हैं की किसकी वजह से जीता हूं श्री राम खुद द वह नहीं होते तो शायद ही वानर रावण की पुरी सी को हरा सकते द फिर भी श्री राम ने उनको कहा तुम्हारे बाल में रावण मारे हो की मैंने तुम्हारी वजह से मारा ना मैं कहां यह कर पता मैं तो अकेला था तो सबसे बड़ी क्वालिटी थी की शक्तिशाली तो वह द पर उन्होंने शक्तिशाली दूसरों को बनाया तो यह जवाब राम से सिख लेने लगेंगे तो आपके अंदर का रावण मार जाएगा श्री कृष्ण ने या श्री राम ने श्री कृष्ण मैंने जैसे की मैं धार्मिक हूं मेरे सामने आप किसी भी भगवान का भजन चलाइए मैं उतनी ही भक्ति से सुनूंगी क्योंकि मुझे हर भगवान एक ही लगते हैं मैं एक एग्जांपल देती हूं की वृंदावन मैन लीजिए एक प्लेस पर है कोई कहीं से ए रहा है उसके लिए साउथ में होगा किसी के लिए नॉर्थ में होगा किसी के लिए ईस्ट में और वृंदावन तो अपनी जगह है तो भगवान एक ही है कोई कृष्ण मैन क्या आएगा कोई राम मैन के कोई दुर्गा जी कोई महादेव जी पर भगवान तो एक ही है शक्ति तो एक ही है तो मुझे हर भगवान सिख देते हैं पर श्री कृष्ण कंप्लीट अवतार है वह हर क्षेत्र को उन्होंने जिया है खुलकर श्री राम मर्यादा पुरुषोत्तम है डिसिप्लिन है बहुत सीरियस है पर श्री कृष्ण सब कुछ है अगर सोशल मीडिया पर आजकल नेगेटिव बिकती है और वही ज्यादा दिखती है इन फैक्ट फेसबुक का बीच में एक एल्गोरिथम था की जहां भी गुस्से के इमोजी आएंगे ना फेसबुक उसको इन 10 का ग्रोथ देता था जहां पर भी गुस्सा दिख रहा होगा जिस पोस्ट पे वीडियो में किसी लड़ाई झगड़ा मारपीट को सुसाइड कर रहा है कुछ अपने को आग लगा रहा है तो उनको 10 का मल्टीपल मिलता था क्योंकि उसे ग्रोथ ज्यादा मिलता है हमारे दिमाग को नेगेटिविटी आप ऐसे खींचना है जैसे मतलब जैसे चुंबक को लोहा खींचना हूं ना उसे प्रकार नेगेटिव तो नेगेटिव की जो मकड़ी है यह दिमाग में एक ऐसा जाल बंद देती है की चाय फिर उसके बाद वो न्यूज़ चैनल वो सोशल मीडिया और नेगेटिव कमेंट्स हो हिट रेड हो राइट सो इनटोलरेंस हो और ज्यादा ट्रैफिक आता है इसके ऊपर अब ऐसे में हालांकि भगवान भी गीता के अंदर कहते हैं की आपके पास एक इंडिपेंडेंट है के 63वें श्लोक में आज भागवत गीता में दादा बोल रहा हूं आपको देख के yathasi तथा गुरु जैसी तुम्हारी इच्छा हो वैसे कर सकते हो तुम यानी की यू हैव डी चॉइस तू चूस व्हाट यू वांट तू सी और दुर्योधन का भी भगवान कृष्ण से एक वार्तालाप थी जिसमें वो कहते हैं की जाना मैं धर्म नाचा में प्रवृत्ति जाना है धर्म में चने निवृत्ति में धर्म जानता हूं उसमें जाना नहीं चाहता धर्म जानता हूं वो मुझसे छूटा नहीं जाता के नाते देवेन में हृदय स्थित है ना एक देवता मेरे हृदय में स्थित है यह था नियुक्त hoshimi तथा गुरु में जैसे मुझे वह कहते हैं तो उन्होंने भी भगवान पर बाल दिया आपके कारण कर रहा हूं मैं सारे गलत कम ये गलत चीज देख रहा हूं तो बी पॉजिटिव एक केवल ब्लड ग्रुप रह गया है बी पॉजिटिव है ना असल में मैं पूछना चाहता हूं डिजिटल नेगेटिव को कैसे करूं डिलीट और पॉजिटिविटी को डिजिटल पॉजिटिविटी को कैसे करूं डाउनलोड डिजिटल जमाना है तो डिजिटल नेगेटिव को डिलीट करना है डिजिटल पॉजिटिविटी को डाउनलोड करना है आपका आज के यूथ को क्या सुझाव है की कैसे सही कंटेंट को कंज्यूम करें नेगेटिव चीज बहुत जल्दी अट्रैक्ट होती है बट क्योंकि वो सस्ती है सस्ती चीज बहुत ज्यादा बिकती है क्योंकि उसमें मेहनत कम है महंगी चीजों में मेहनत ज्यादा है की अगर आपको कोई चीज भी खरीदनी है तो आपको पहले तो उसने पैसे इकट्ठा करने में मेहनत लगेगा है ना तो जब सस्ती चीज क्या है की आपके लिए इजी है किसी और को नीचा दिखाना इजी है किसी और की बुराई करना इजी है बुरा जो देखन मैं चला बुरा ना मिलिया कोई जो दिल खोजा अपना मुझसे बुरा ना कोई बट अपना दिल कोई खुजली का नहीं क्योंकि बहुत मेहनत का कम है तो इजी क्या है दूसरों की बुराई खोजो दूसरों को नीचे सोशल मीडिया में नेगेटिव क्या है आप किसी के भी पेज पर जाओ आप कमेंट करो की तुम अच्छे नहीं हो अब कहीं ना कहीं शायद हमें नहीं पता की उसको खुद के लिए वह महसूस हो रहा है बट वो खुद को उसे पीड़ा से या उसे प्रॉब्लम से या उसे तकलीफ से ले जाना नहीं जाता तो वो किसी और पर उसे चीज का इल्जाम लगा रहा है तो चाहे उसको गली दे रहा है चाहे उसको गलत बोल रहा है चाहे उसको नीचा दिखा रहा है उसको इंसल्ट कर रहा है कुछ दिस इस वेरी इजी तो पहले ये जो इजी नस की तरफ हमारा झुकाव है वो हते और थोड़ा टू चीजों की तरफ जाए जब आप सच्चिदानंद की भी हम बात करते हैं सत सत क्या है ट्रुथ भगवान तक सच पहुंचे उससे पहले आप खुद की जिंदगी के तो सच को सामना करिए हम मैंने पहले भी ये बात कही है की हम बहुत छोटी-छोटी बातों पर झूठ बोलते हैं क्यों बोलते हैं क्योंकि हम सच से बच रहे हैं आप कहीं भी देखे सच और झूठ में भी झूठ ज्यादा है क्यों क्योंकि इजी है नेगेटिव पॉजिटिव में नेगेटिव ज्यादा है क्योंकि इजी है तो पहले अपने दिमाग से ये हटाओ की हमें हर चीज इजी की तरफ ही जानी है हमें लाइफ में सिर्फ इजी चाहिए क्यों चाहिए पर वह सच्चाई एक ना एक दिन सामने आएगी लेकिन फिर इतने बड़े रूप में आएगी की आप उसका सामना कर ही नहीं पाएंगे और तभी हम आज स्टूडेंट्स में देख रहे हैं या कोई भी जो डिप्रेशन में जा रहे हैं सुसाइड करते हैं क्यों क्योंकि वो सच का सामना नहीं कर का रहे वो जिंदगी का सच है वो इतना एकदम सामने आएगा तो पहले जो छोटे-छोटे सच है आप उनका सामना करिए पॉजिटिव क्या है सामना करना की मैंने अपने पहले वीडियो में भी कहा है की पॉजिटिव होने का मतलब ये नहीं होता की मैन लीजिए आप गिर गए आपको चोट लगी है और आपके लिए कुछ नहीं हुआ कुछ नहीं हुआ मैं पॉजिटिव हूं कुछ नहीं हुआ नहीं यह पॉजिटिव नहीं है यह इग्नरेंस है क्या आप जो हुआ है उसको इग्नोर कर रहे हैं उसे भाग रहे हैं पॉजिटिव की मुझे लगी है क्यों लगी है जानते हैं सिवाय रोने के यह जानो क्यों लगी है रास्ता गलत था मेरा या चलने का तरीका गलत था मेरा या मैं ऐसा क्या कर रहा था की मेरा पैर लड़खड़ा गया दिस इस पॉजिटिवली आपने अभी डिप्रेशन की बात भी कारी मैं थोड़ा से और आगे लेके चलता हूं थोड़ा परेशानियों की खुशियों की बात करना चाहता हूं कहते हैं की आज बैंक में बैलेंस है पर खुशियां डिसबैलेंस है कहते हैं की ब्रांडेड सामान्य सबके पास एन जाने फिर भी मैन क्यों है उदास मुझे नवे अध्याय में शुरुआत में दूसरा तीसरा एक श्लोक है भगवान का जहां भगवान कहते हैं की राज विद्यराज गोयम पवित्र मिडेन उत्तम की मैं आपको राज विद्या दे रहा हूं इसको फॉलो करोगे तो क्या मिलेगा आपको प्रत्यक्ष avargaman धर्मेंद्र सूतक हम कर तुम सुसुक की प्राप्ति होगी तो आपको अत्यंत सुख मिलेगा अगर मेरे प्रिंसिपल को प्रैक्टिस करोगे तो परंतु अगर हम भारत में जहां पर जहां की अपने बात कारी जहां इतना ज्ञान है इस देश में लोगों के पास में और वर्ल्ड हैप्पीनेस रिपोर्ट में बड़े दुखी मैन के साथ कहना चाहता हूं आज 146 देशों में हमारी रैंक 136 भी है यानी की लोग यहां खुश नहीं है देखा जाए तो पाकिस्तान से हम पीछे हैं पाकिस्तान भी छोड़ रहे हैं इस समय देखा जाए ईरान और श्रीलंका से पीछे हैं वो भी हमसे आगे हैं एक दफा मैंने गौर गोपाल जी के साथ भी बोला था ये के साइन में जलन आंखों में तूफान हुए हैं इस शहर में हर शख्स परेशान सा क्यों है आपको क्या लगता है की लोग क्या गलत जगह पे खुशियां ढूंढ रहे हैं क्या गलती कर रहे हैं क्यों उनको सुख की प्राप्ति नहीं हो रही हमारा देश इतना ज्ञान होने के बावजूद इस अज्ञान में कैसे रह गया चीज तो ज्ञान होने की बावजूद हम उसे ज्ञान पे ध्यान नहीं दे रहे हैं सबसे बड़ी चीज है मैं श्रीमद् भागवत की कथा भी जप करती हूं तो मैं यही कहती हूं की हमारी बीमारी हो गई है की हम अपनी चीजों पे तब तक ध्यान नहीं देंगे जब तक विदेश का स्टैंप नहीं लगेगा जब तक वह मैन नहीं है आप कोई भी चीज उठाइए अभी रिसेंटली एक न्यूज़ आई थी की ऑर्गेनिक प्लेट्स आई थिंक किसी कंट्री ने निकले हैं और उन्होंने क्या हमने बहुत साल तक इस पर कम किया है और ऑर्गेनिक सबसे एक फ्रेंडली प्लेट्स निकले हैं आपको कब से 30 सालों में जो बनाना लीफ है pattalon पर भोजन मिल रहा है प्रसाद मिल रहा है बट उसके बाद जो एक इंटरनेट पे सब congrachulate कर रहे हैं उनको की कितना अच्छा कम किया है एंड आई एम लाइक आपकी देश में तो कब से चल रहा है आपको ये दिखा क्यों नहीं तो हमारी आदत है की हम अपने ट्रेजर को भी तब तक वैल्यू नहीं करेंगे जब तक वो स्टैंप ना दे दे की ये सही है पहली चीज तो हम अपनी ट्रेजर की तरफ देख ही नहीं रहे हैं की कितना कुछ है यहां पर दूसरा मुझे ऐसा लगता है की हम जिस भाग दौड़ में है आपने जैसा कहा ब्रांडेड चीज तो है अब चलिए आपने ब्रांडेड चीज खरीद ली पर आप उसको उसे करिए आप उसे पर समय दीजिए उसको खरीद के हमारा दूसरा दिन है अब क्या खरीदें या गाड़ी खरीद ली अब उसे गाड़ी को चलाइए उसका मजा लीजिए उसमें बैठिए नेक्स्ट गाड़ी कौन सी ले नेक्स्ट गाड़ी यह लेंगे बात मतलब अभी ली है ध्यान है नेक्स्ट गाड़ी कौन सी ले रहे हैं घर ले लिया उसके बाद भी इंटरनेट पे घर के वीडियो चल रहे हैं की नेक्स्ट घर कौन सा ले सकती है या ये घर ज्यादा अच्छा है तो आपने जो लिया आपका ध्यान उसे पर है ही नहीं आपका बस एकम्यूलेशन का कम हो रहा है मैं इकट्ठा करता रहूं इकट्ठा करता रहूंगा बट जो इकट्ठा किया है उसे पर ध्यान नहीं दे रही और फिर एक टाइम आएगा जब आप उसका मजा लेने के लिए रहेंगे ही नहीं तो आपने किया क्या एकम्युलेट करने की वजह आपने शिव और कुछ भी नहीं किया तीसरा आपका हमेशा कंपटीशन दूसरों से एक कहानी मैं हमेशा बताती हूं की आदमी ने तपस्या कारी और उसको वरदान मिला की तुमको जो भी चाहिए तुमको मिलेगा हर चीज का एक डिसएडवांटेज भी होता है तो दूसरा है तुमको जो मिलेगा उसका डबल तुम्हारे पड़ोसी को मिलेगा तब उसने सोचा की मुझे गाड़ी चाहिए उसको गाड़ी मिल गई पर उसके पड़ोसी को दो गाड़ियां मिली और उसको गुस्सा ए रहा है उसको अच्छा नहीं लग रहा लेकिन फिर उसने कैसे पैसे इग्नोर करने की कोशिश कारी फिर उसने कहा मुझे घर चाहिए उसको घर मिला पर वैसा ही दो घर पड़ोसी को मिला अब उसको इतना जेलर हो रही है उसे चीज से उसको अपनी खुशी नहीं दिख रही की मुझे तो एक ही चाहिए थी ना मुझे मिल गई किसी और को 10 भी मिले तो क्या है तो तीसरी चीज वो मांगता है की मेरी एक आंख ही पूजा है तो पड़ोस वाली की दो फुट फिर वह कहे मेरा एक हाथ कट जाए हमारा ध्यान इस पर नहीं है की हमारे पास क्या है हमारा ध्यान है उसके पास क्या है तो यह जिस दिन है गया उसे दिन कहते हैं ना हर चीज में नेगेटिव अपनी ढूंढो पॉजिटिव अपनी ढूंढो सक्सेस में अपनी तरफ ध्यान दो पर हमारा ध्यान है उसमें क्या बुराई है उसमें क्या अच्छाई है उसके पास कितना पैसा है तो आपका अपनी अच्छाइयों पर ध्यान पढ़ ही नहीं रहा इसलिए आप हर वक्त दुखी हैं और लव व्हाट यू डू है ना इस कशमकश में एक आम आदमी क्या कर रहे हैं वह कम करें जो उसको पसंद है या उसे कम को पसंद कर ले जो वह करता है आपके हिसाब से क्या ठीक है थी आपको सेकंड चीज बता रही है की आज आम आदमी के लिए क्या है की वो जो करना चाह रहा है उसके पीछे वो कम कर सकता है पर शायद उसे पर जिम्मेदारियां इतनी है की आप उसको दूसरा कम करना पड़ेगा तो वही प्रॉब्लम है की कहा जाता है की अगर वो नहीं हो का रहा तो उसे पट्टी को टाइम के लिए शायद जो कर रहे हो उससे प्यार कर रहे हो स्ट्रॉ लगाकर के हमारी सारी लाइफ के एनर्जी को पी जाती हैं सारी एनर्जी खत्म हो जाती है ऐसे में जब बार-बार कोशिश करने पर भी बात नहीं बनती है तो कहां से लाई शुरू से शुरू करने का जज्बात क्योंकि कहीं से भी नहीं बन रही है मेरी बात तो वह शुरू से शुरू करने का जज्बात वैन थिंग डेट वैन नीड तू डू तू बाउंस बैक इन तू टाइम वह करनी चाहिए की अगर टू सिचुएशन है तो मैं बाउंस बैक कैसे करूं आप अगर असफल हुए भी हैं तो आपके पास सिख है की अब मुझे ऐसा क्या करना है या क्या नहीं करना है सफल होने के लिए तो आप शुरू से क्योंकि शुरू में जब आए आप जीरो आपको कुछ नहीं पता था लेकिन अभी आपको बहुत कुछ पता है क्या करना है क्या नहीं करना है कहां मैं पीछे रहा क्या गलती हुई थी और अगर यह नहीं पता तो शायद यही सिख है की यह पता करो कहते ना की आप अपने पास मिस्टेक से नहीं सीखते हैं तो वो रिपीट कब होगी अगर वह बार-बार रिपीट हो रही है तो शायद कुछ ऐसी बात है जो आपने सीखी नहीं है आपको सीखने की जरूरत है जो मैक नॉलेज करने की बात करते हैं की अगर फिर उसको एक नॉलेज करना क्या है की क्यों आया रीजन क्या है और अगर आपको लग रहा है आपने 100% दिया है दें सेकंड इस भगवान जो मैंने कहा मैं हमेशा एक बात कहती हूं मैं कभी भी किसी भी चीज को लेकर दुखी नहीं हो सकती डिप्रेशन वाले मूड तक क्योंकि मुझे पता है इस पुरी दुनिया में एक ऐसी शक्ति है जो बैठी है मेरे लिए कम करने नहीं देगी तो अगर अभी उसने मुझे गिराया है तो शायद मेरे लिए गिरना ही सही है मुझे इससे कोई सिख मिलेगी या अभी मेरे लिए वो चीज जो मुझे चाहिए वो सही नहीं है वो मिलने के बाद मैं हो सकता है गलत कम कर डन या उसको हैंडल ना कर पाऊं या उसका दुरुपयोग करने लग जाऊं तो उसको पता है की मेरे लिए सही क्या है मैं उसे पर एक कहानी कहती हूं जिसकी सिख है भगवान कहते हैं की तू करता वही है जो तू चाहता है पर होता वही है जो मैं चाहता हूं तो तू कर वही जो मैं चाहता हूं फिर होगा वही जो तू चाहता है भगवान आपको धैर्य सीखते हैं की तू रुक मैं रास्ता दिखा रहा हूं किस पर कम करना है और वह मिलेगा तभी जब मुझे सही लगेगा पर हमें तो हर चीज तुरंत चाहिए ना की मुझे यह भी चाहिए पर वो भगवान के आपको नहीं मिलती आपको वेट करना पड़ेगा आपके और मैं वीडियो शुरू होने से पहले ही आपको बताया था की तुमने लाखों की किस्मत सवारी अब सवारने की बारी हमारी मैं इस भजन के कारण आपको जानता था क्योंकि मैंने यह भजन सुना था आपका मुझे बहुत पसंद आया लोग आपकी आवाज़ और शैली के दीवाने हैं और आपको तो क्या कहूं की ऊपर वाले ने भेजा है आपको सबके जीवन में भरने के लिए मिठास तभी तो कृपा ऐसी की मिस्त्री से मीठी है इनकी आवाज़ तो आज ऐसे तो नहीं आगे बढ़ेंगे इस फूल फूल भक्ति संगीत की शुरुआत आपने कैसे कारी आपने संगीत को चुना या संगीत ने आपको चुना और आज अधूरा रह जाएगा अगर एक दफा हमने तुमने लाखों की किस्मत सवारी नहीं खाया तो शुरुआत [संगीत] क्षेत्र ने चाहे वो संगीत है चाहे वो आध्यात्मिक है इसने मुझे चुना क्योंकि मुझे कुछ भी नहीं पता था जब शुरुआत हुई मेरी शुरुआत एक्चुअली मैं जब एक सत्संग में गई थी और वहां एक जैन भजन गा रहे द और मैं घर छोटे बच्चे की तरफ फूलों से खेल रही थी और मैं खेलते खेलते में उनके आसपास गई पर क्योंकि मेरे घर में हमेशा से एक धार्मिक एक आध्यात्मिक माहौल था हमें बचपन से गीता जी श्रीमद् भागवत पढ़ जाती थी और छोटी-छोटी कहानियां बताई जाती थी हम रोज हनुमान चालीसा करते द हफ्ते में एक दिन सत्संग होता था तो आपको ये चीज याद रहती है और बच्चियों को ऐसी भी बहुत ज्यादा याद रहता है तो मैंने वहां जाकर वो जो गा रहे द और मैं फूलों के साथ खेलती थी लिप्सिंग कर रही थी और उनकी नजर मुझमें पर पड़ी थी और शायद उन्होंने उसे वक्त मेरे पिता से कहा था की आपको इसको क्षेत्र में आगे बढ़ाना चाहिए तो इस क्षेत्र ने मुझे चुना था मैंने क्षेत्र को कभी नहीं चुना और जैसा आपने भजन की कई सत्संग मेरी जिंदगी में डिप्रेशन या एंजायटी या स्ट्रेस को ना लाने का एक शास्त्र है मेरे पास यह चीज मुझसे दूर होती है क्योंकि मुझे थोड़ा भी अगर दुख होता है या मैं अपसेट होती हूं तो मैं भजन चला देती हूं और अपने आप मेरा दिमाग ठीक हो जाता है मेरा मूड ठीक हो जाता है वो परेशानी अपने आप दूर है जाती है और शायद यही भजन भी इसीलिए है की आपने भूतों को ठीक किया है पर वो ठीक होने की बारी मेरी है आई विल सिंग डी फर्स्ट तू लाइंस डेट इस तुमने लाखों की किस्मत सवारी अब संवारने की बारी हमारी तेरी चौखट पे जो भी झुका है उसको दुनिया ने सर पे रखा है तेरे रूट बेकार क्या-क्या सब दे इतनी ताकत नहीं है हमारी तुमने लाखों की किस्मत सवारी अब सवरने की बारी हमारी [प्रशंसा] अब जया किशोरी जी की अल्टीमेट विश क्या है कोई ऐसा गाना या भजन जो जया किशोरी को बहुत पसंद है जो अकेले में खूब गुनगुनाती हैं क्या कभी जया किशोरी भी दुखी होती है आपको लाखों लोग फॉलो करते हैं आप किसको फॉलो करते हैं आपका फेवरेट आध्यात्मिक ग्रंथ कौन सा है पुरी दुनिया का मेरे हिसाब से गीता जी है पर मैंने शुरुआत shrimadbhagwattam से की थी उसके बाद मैंने गीता जी पड़ी तो मैं श्रीमद् भागवत कहूंगी क्योंकि इसमें भगवान के सभी अवतार है उनकी सारी लीलाएं हैं पुरी 24 अवतार और 24 अवतारों की सिख है तो श्रीमद् भागवत मेरी पहली किताब थी जो मैंने जिसका अध्ययन किया था जिसको समझा था जिसको पढ़ा था जिसने आपको बहुत प्रभावित किया बहुत इंस्पायर किया आप आज भी आप उसको याद भी करते हैं चर्चा भी करते हैं सुनाती भी हैं ऐसे तो श्री कृष्ण की हर लीला है जो आपको बहुत पसंद आती है बहुत लोग आती है जब क्योंकि उसमें उत्सव है प्रेम है भक्ति है लेकिन समझदारी की अगर जब जीवन सुधारने की बात करें तो मैं पहला ही श्लोक कहूंगी जो है सच्चिदानंद रूप आए तो क्योंकि उसमें भगवान की रूप के बारे में बताया गया जो शास्त्रों में है जो सब चित्तौड़ा आनंद डट इस ट्रुथ अवेयरनेस और आनंद चीज को अगर असलियत में जानने की कोशिश करते हैं तो आप पहुंचने भगवान तक है और यही आपको हर शायद ग्रंथ वेद पुराण उपनिषद यही समझता है की पुरी दुनिया को जो खोज लेता है वो अंत में पहुंचता भगवान के पास ही है की मैं हो सकता है इतना घूम कर ए रहा था अगर मैं सीधा भगवान के पास भी चला जाता तो मैं सारी चीजों को समझ जाता तो सच भी भगवान है चित भी भगवान है और आनंद भी भगवान ही है चर्चा हो गई तो मैं कुछ ऐड कर देता हूं नॉर्मली बड़ा भारत में मैं पूछता हूं ऐड नहीं करता हूं क्योंकि मेरा मैं नहीं बोल रहा होता हूं उसे समय आप जैसे महत्वपूर्ण लोग आकर बात करते हैं इसमें ब्रह्म संहिता के अंदर पांचवे अध्याय के पहले श्लोक में ब्रह्मा जी ने इसके ऊपर चर्चा कारी थी की ईश्वर आप कृष्ण सच्चिदानंद विग्रह anarard गोविंदा सर्व कारण ईश्वर परम करता है और उनका विग्रह कैसा वह दिखते कैसे हैं उनका रूप क्या है तो बोला sachched आनंद सर जैसा आपने बता दिया sachchedhanand का अर्थ रिपीट नहीं करूंगा क्योंकि आपने बहुत अच्छा बताया सच्चिदानंद विग्रह तो कोई का सकता है की भगवान का कोई कारण हुआ वो कहां से निकले उनका सोर्स क्या है तो बोले अनादि रात दी गोबिंद अनादि मतलब उनका कोई बिगनिंग नहीं है अनंत मतलब उनका कोई एंड नहीं है अनादरा गोविंद है कोई तो कारण होगा कुछ तो होगा सर्व कारण कारण वो सभी कर्म के कारण है उनका कोई कारण नहीं है इन डी रीजन फॉर ऑल रीजन ही बिकॉज डी फॉल कॉज्ड हिल डी रियल सोर्स तो जब आपने सच्चिदानंद विग्रह की बात कारी तो मुझे लगा की मैं श्लोक पर चर्चा करता हूं थोड़ी आगे बोल देता हूं मैं रोक नहीं पाया अपने आप को लेकिन आज दिन आप ही का है तो कैरियर में आपने शुरुआत से शुरू कर दिया जल्दी से शुरू कर दिया तो आज अगर आपको कैरियर से अपने तीन लेसन देने में तो क्या लिसन देना चाहेंगे लहसुन आपकी जो इंसल्ट्स है उनको सीरियसली मत लीजिए क्योंकि अगर आप वह सीरियसली लेते हैं तो आप अपने कॉन्फिडेंस को खत्म कर रहे हैं वह इसीलिए है क्योंकि आपने कोई कंट्रीब्यूट अभी तक वो रोशनी देता है कंट्रीब्यूशन जब तक आप किसी फील्ड में कंट्रीब्यूट नहीं करेंगे लोग आपको सीरियसली नहीं लेंगे तो वो आपको नहीं ले रहे आप भी उनको मत लीजिए आप अपने कम में ध्यान दीजिए कंट्रीब्यूट करिए वही लोग आपके लिए तालियां हो जाएंगे तो इंसल्ट्स को सीरियसली मत लीजिए दूसरा जो मेरी जिंदगी का एक बहुत इंपॉर्टेंट पार्ट रहा है भगवान पर भरोसा रखिए यह आपको हारने नहीं देता यह बहुत पक्की बात है कितनी बार भी आप फैल हो जाए रिजेक्ट हो जाए कुछ भी हैंडल करिए ये एक शक्ति एक विश्वास आपको हारने नहीं देती और गलत कम भी नहीं करनी थी कई बार लोग हर की गलत रास्ता अपना लेते जिसे हम शॉर्टकट कहते हैं पर शॉर्टकट का सक्सेस शॉर्ट समय तक ही रहेगा लाइफ टाइम नहीं रहेगा लेकिन जो सक्सेस आपको थोड़ा मेहनत धैर्य पेशेंट्स इनके साथ मिला है वो लंबे समय तक चलता है क्योंकि मिला बड़ी मुश्किल से है ना आपको तो शॉर्टकट आप कब नहीं अपनाएंगे जब आप भगवान पर भरोसा रखते तो भगवान का एक दर भी है आपके अंदर की वो देख रहा है इंसान गलती एकांत में करता है की कोई तो नहीं देखा और भगवान को मानने वाला जानता है कोई नहीं देख रहा वो देख रहा है वो हिसाब करेगा आपका तो ये दूसरी है की भगवान पर भरोसा रखिए और तीसरा जो मेरे पापा ने मुझे कहा की रुको मत बहता पानी निर्मला जब रुक जाते हो तो कहीं ना कहीं वो जो प्रोक्रेस्टिनेशन लेजी ने ऐसी कब आता है जब आप रुक जाते हो और वो रुकने का मतलब यह नहीं का रही मैं ब्रेक मत लीजिए पर एक वो रुकना के अब मुझसे नहीं हो रहा ये आप जो कर रहे हैं उसी में कंफर्टेबल हो गए हैं मैंने जब भजन किया था मैंने मैं भजन में भी अच्छा कर रही थी मुझे शायद जरूरत नहीं थी कथा की ओर जाने की पर मुझे कुछ और करना था और मुझे जब कथा दिखी जो मेरी पहली कथा थी जो अभी इंटरेस्ट आया इंटरेस्ट आया की बड़ी अच्छी चीज है करते हैं इसको पर वो करने में मुझे डेढ़ साल लग गए तो मेरे लिए इतना टू था क्योंकि मेरी उम्र भी छोटी थी मुझे वो बात समझ नहीं ए रही थी मुझे आॅटुगेदर एक नई भाषा सीखनी पड़ी थी मैं मारवाड़ी में मैंने वो पहली कथा कारी थी और हमने डेढ़ दो साल तक घर में सिर्फ मारवाड़ी में बात कारी थी सो डेट वे कमांड आय मेरे ऊपर उसे लैंग्वेज के ऊपर तो समय लगातार चाहती तो मैं उसे वक्त छोड़ सकती थी की नहीं भाई भजन अच्छा है मुझसे पर नहीं मुझे करना ही नहीं चीज मैं उसे कंफर्ट जोन में नहीं जाना चाहती और जब उसे पहली कथा को लेकर कंफर्ट जरूरत है मैंने श्रीमद् भागवत कारी तब भी मैं अपने कंफर्ट जोन में निकली मैं क्लास 12 में थी तब मैंने कारी थी और जब उसको लेकर मैं धीरे-धीरे कंफर्टेबल हुई तब मैं मोटिवेशनल सेशंस में आए अब जया किशोरी जी की अल्टीमेट विश क्या है मेरी कोई विश नहीं मुझे जो दिखता जाएगा मैं करती जाऊंगी मैं प्लान नहीं करती चीज और यह कोविंद ने शायद और मुझे सिखा दिया की करना भी नहीं चाहिए मैंने हर धर्म में लगभग एक तरीका बताया है जैसे सीखो क्या बताया कलयुग केवल नाम धारा के कलयुग में भगवान का नाम लेना है एक आधार है क्रिश्चियनिटी मैंने देखी नेम्स ऑफ डी लॉर्ड वैन ऑफ डी 10 कमांडमेंट्स वहां पे भी चांटिंग की बात करते हैं मैंने देखा की वैन संबदी lafering नमाज़ ही चांटिंग 199 डिफरेंट नेम्स ऑफ अल्लाह वहां भी चांटिंग के बाद होती है नमाज करते वक्त मैंने हमारे शास्त्रों में भी देखा की हर एक नाम हरि नाम हरि नाम ए वी केवल अंकल और नाथ टी आई वो नाचती है वर्ण असती वागती रंग ने था की हरि का नाम एक उपाय और कोई उपाय नहीं है सो मेडिटेशन में चांटिंग का बड़ा रोल है भगवान के नाम का जप करने का रूल है उनको ध्यान से सुनना उसे आवाज़ को ध्यान से सुनना उसे पर मेरिट करना आप मेडिटेशन को लेकर के क्या सुझाव देती हैं और आप कैसे मेडिटेशन करती हैं और उसके बारे में क्या बताना चाहेंगे और बहुत ही स्टडीज है अगर आप इंटरनेट में सर्च करें जो ये प्रूफ करते हैं की मंत्र चांटिंग जिनको उन्होंने नाम दिया है ट्रांसकेंडेंटल मेडिटेशन यह सबसे अच्छी मेडिटेशन मणि गई है क्योंकि पहली चीज जो मेट्रो के जो वाइब्रेशंस होते हैं वह आपके दिमाग को बहुत कम करते हैं आपका कंसंट्रेशन पावर बढ़ते हैं मेमोरी पावर बढ़ते हैं और आप ऐसे कई दोहे होंगे चाहे राम चरित मानस रामायण के श्लोक होंगे और कई ऐसे श्लोक है जो हेल्प करते हैं आपको मेडिटेशन के लिए या कंसंट्रेशन पावर के लिए मेमोरी पावर के लिए तो बहुत पहले से ये चीज आती आई है की मंत्र आपको हर चीज में हेल्प कर रहे हैं तो मैं भी मेडिटेशन मंत्र चांटिंग की थ्रू ही करती हूं मॉर्निंग में भी रात को सोने से पहले भी क्योंकि वो जो आपको सुकून देता है क्योंकि पहली चीज उसके साथ एक इमोशन जुड़ा है आप शब्द बोल रहे हैं या कोई भी और मेडिटेशन कर रहे हैं तो वहां शायद इमोशंस ना आए और जब आप मंत्र चांटिंग करते हैं और आप थोड़ा भी भगवान भी मानते हैं तो आपका एक इमोशन जुड़ जाता है तो योग क्या है यूनियन है यू नो आपको हर चीज को जोड़ना है तो शायद आपका दिमाग आपके इमोशंस आपकी भावनाएं आपकी सोच एक साथ जुड़ रहा है आपकी आवाज़ जब आप मंत्र चंट कर रहे हैं तो मुझे ऐसा लगता है इसीलिए मंत्र चांटिंग बेस्ट मेडिटेशन का एक फॉर्म हो सकता है जो आपको हर फील्ड में हेल्प कर सकता है जहां भगवान कहते हैं की यज्ञ नाम जप यज्ञ उसमें की सभी प्रकार के यागो में मैं जब यज्ञ के रूप में जाना जाता हूं यानी की जब यह यानी की चांटिंग बहुत सुंदर थोड़ा आध्यात्मिक चर्चा कर करते हैं तो कई बार सोचा जाता है की आध्यात्मिक जीवन में आगे बढ़ेंगे तो सांसारिक जीवन छोड़ना पड़ेगा हालांकि भागवत गीता में ऐसी बातचीत नहीं होती है कृष्ण एक जगह यहां भी कहते हैं की यज्ञ डैन टपका कर्म पवन त्याग कार्य में तो एक चाहे वो मुन्नी हो पवन आणि मनुष्य नाम यानी की कोई ऋषि मुनियों उसको भी यह कम करने चाहिए और संसारी व्यक्ति को भी करनी चाहिए तो भगवान ने इस बारे में बताया था बहुत सारे लोगों को उसके उल्टा लगता है की सांसारिक जीवन का त्याग करना पड़ेगा उसे स्पिरिचुअलिटी में जस्ट तू मच ऑफ नॉइस अराउंड इट एंड वेरी लेस क्लेरिटी लोग समझ नहीं ए रहा किस स्पिरिचुअलिटी है क्या तो आपके हिसाब से अध्यात्म को जीवन में उतारने का अभ्यास करने का सबसे अच्छा तरीका क्या व्हाट इसे डी राइट वे तू practisualty सबसे पहला राइट वे इस ऑनेस्टी विद वाटेवर यू आर डूइंग मैं हमेशा कहती हूं अगर एक डॉक्टर अपना कम अच्छे इंटेंशन के साथ ऑनेस्टी के साथ कर रहे हैं डी डॉक्टर स्पिरिचुअल अगर कोई टीचर पढ़ने का कम ऑनेस्टी के साथ कर रहे हैं अपने इंटेंशंस उनके अच्छे हैं की एक्चुअली स्टूडेंट्स को आगे बढ़ाना चाहते हैं या फिर सिर्फ अपना कम करके अपनी सैलरी लेना चाहते हैं आपके इंटेंशन अच्छे हैं उसे कम को लेकर डेट टीचर इस स्पिरिचुअल तो सबसे पहली चीज यही है की ऑनेस्टी और इंटेंशन दे दूंगा [संगीत] तो इसीलिए वह स्पिरिचुअलिटी से है जाता है इंटेंशन क्या है की आपके उद्देश्य आपका अच्छा होना चाहिए और जब आपका उद्देश्य अच्छा होता है ना मैं हमेशा कहती हूं अगर आप अच्छे उद्देश्य के साथ कम कर रहे हैं दूसरों का तो होगा भला आपका भी होगा ये भला वर्ल्ड में ना इसका अपोजिट भी होता लाभ भी जब आप लाभ के चक्कर में पढ़ते हैं तो इस स्पिरिचुअलिटी की जगह वो मैटेरियलिज्म हो जाएगा और जब लाभ की जगह हो जाए तो फिर आपने बताया आपका खुद का भी हो जाएगा वेरी गुड लवली फैंटास्टिक जैसा बनाया है तो किसी के पास बहुत ज्यादा और किसी के पास बहुत कम क्यों है की आप देखिए यह भी एक रीजन है की यह क्यों है यह क्वेश्चन ही प्रारब्ध को आई थिंक प्रूफ कर देता है जो लोग कहते प्रारब्ध नहीं होता अगर नहीं होता तो ऐसा क्यों है की किसी के पास ज्यादा है किसी के पास कम है कोई ऐसे घर में पैदा हुआ है जहां उसके पास सारी लग्जरियस है कोई ऐसे घर में पैदा हुआ जाऊं उसको वो सब पाने के लिए बहुत कम करना पड़ेगा कोई तो रीजन होगा चलिए आप प्रारब्ध को नहीं भी माने फाइंड डेट रीजन क्योंकि यहां तो आप चाहे कोई भी शास्त्र उठाई क्वेश्चनिंग ही तो है अर्जुन के सामने भगवान खड़े द फिर भी क्वेश्चन किया वर्ण आप भगवान से क्यों क्वेश्चन करेंगे वह बोल रहे लाडो तो लाडो खत्म कहानी और उसने फिर भी क्वेश्चन किया और उसी का फल है की हमें गीता जी मिली है अगर सिर्फ भगवान की बात होती तो शायद दो-तीन पन्नों में खत्म हो जाती पर अर्जुन को जब तक सेटिस्फेक्शन नहीं मिला है तब तक चलती रही थी तो किसी और से तो आपकी और गहना ही करमानों गति भगवान ने कहा है कर्मों की गति बहुत है ना और परत के विषय में गीता में बहुत चर्चा हुई है आपको मैं गुड न्यूज़ डन मैं एक नया सीरीज लेकर ए रहा हूं गीता इन एक्शन गीता को एक्शन में जीवन में कैसे उतारा जाए और मैं गीता को संसार में जीवन में लोगों के मैं पूरा का पूरा हमारे देश में और दुनिया में मेरा एक लक्ष्य के मैं नॉरेटिव बदल डन की भागवत गीता हर घर में होनी चाहिए हर व्यक्ति को पढ़नी चाहिए नो ऑब्जेक्टिव ऑफ बिजनेस नथिंग पूरे भगवत गीता में क्या चर्चा भगवान ने कारी जो आपके जीवन में उतारे जा सके तो आप भी प्रार्थना करिए की हम इसके द्वारा इस मैसेज को पहुंचा सके की धर्म के चश्मे को उतार के भागवत गीता को पढ़कर देखो भागवत गीता एक मेडिसिन है दवाई हर कोई ले सकता है वो धर्म आप डॉक्टर के पास जाते पूछते नहीं की मैं ले सकता हूं या तो एक मेडिसिन है ठीक होना है तो अगर आप परमिशन दे तो आपके साथ आज एक रैपिड फायर राउंड कर लें तो आप मैं आपसे जल्दी जल्दी पूछूंगा आपको तक तक जल्दी-जल्दी आंसर करना है मेरा पहला प्रश्न पिछले 20 सालों में आपकी सबसे बड़ी अचीवमेंट क्या मानती है पेरेंट्स की खुशी और वो खुशी है की मैं अच्छा कम कर रही हूं आप किस को फॉलो करते हैं कृष्ण मंदिर जगतगुरु उनसे बड़े कोई गुरु नहीं है तो क्या होती क्योंकि लोगों को अच्छा लगता है क्योंकि मैं एक्सप्रेस करती हूं की अगला प्रश्न दे रहा हूं कहते हैं की जो भी होता है अच्छे के लिए होता है तो क्या आप इसको मानती हैं की वो मेरे साथ कभी गलत नहीं करेगा और मैंने आपको सुना मुझे अच्छा लगा मुझे लगता है की अब कैसे रुक सकते हैं आप इतने लोगों की उम्मीद बन चुके आप उम्मीद कैसे तोड़ सकते हैं तो आपको तो करना ही पड़ेगा आम आदमी तो छोटे-छोटे चीजों से दुखी हो जाता है क्या कभी जया किशोरी भी दुखी होती है बहुत चीजों से कभी कुछ ऐसी बातें सुनकर जो आपको लगता है की आपने अच्छा कम किया लेकिन लोगों को पसंद नहीं आया आपके इंटेंशंस अच्छे द तब दुख होता है पर डेट इस नॉट मिन माय कम रूप दूंगी मैं कम तो करूंगी क्योंकि मेरे इंटेंशन सही है तो शायद जब मुझे चाहिए था तब मुझे वो अप्रिशिएसन नहीं मिला बट मैं कम करती रहूंगी मैं इस पर एक थोड़ी सी बात करूंगी मैं कथा में कहती हूं की जो गुनी व्यक्ति होते हैं उनकी निंदा उनकी स्तुति होती है यानी उनका क्रिटिसिज्म ही उनका अप्रिशिएसन होता है मैं तो उसको पकड़ने जा रहा हूं अच्छे से कष्ट के पकड़ने पर निंदा ही आपके स्तुति बनती है कोई ऐसा गाना या भजन जो जया किशोरी को बहुत पसंद है जो अकेले में खूब गुनगुनाती हैं सब कम हो रहा करते हो तुम कन्हैया मेरा नाम हो रहा है मेरा आपकी कृपा से सब कम हो रहा है अगर आपको ठीक लगे उत्तर देना आपसे बातचीत करते समय भी आपका विवाह नहीं हुआ तो क्या जया किशोरी के जीवन में भी कोई कृष्ण किशोर हैं और अगर है तो कौन है अगर आप बताना चाहे आप विवाह करने जा रहे हैं नहीं जा रहे हैं साध्वी रहना चाहती हैं विभाग व्यवस्था में जाना चाहती है पर्सनल क्वेश्चन ओवरटाइम अभी कोई नहीं है पर मैं ग्रस्त में ही क्योंकि अभी भी एक तरीके से मैं परिवार में ही हूं मैंने परिवार नहीं छोड़ा है और मैं बिल्कुल साधारण लड़की हूं मैं संत साध्वी साधु कुछ भी नहीं हूं मुझे अध्यात्म अच्छा लगता है मुझे भगवान की बातें अच्छी लगती है और अभी भी मैं सिख रही हूं मैं कभी यह नहीं कहती की मुझे सब पता है क्योंकि मुझे नहीं पता मैं उसे तरीके का जीवन नहीं जी रही जहां पर मैं हर वक्त इन्हीं चीजों से घिरी हुई हूं मैं एक साधारण जीवन जी रही हूं जब परिवार है परिवार की बातें हैं परिवार रिश्तेदार हैं परिवार का ऑकेजन है सब कुछ है उसके साथ-साथ मुझे भगवान में बहुत जिज्ञासा है और जैसे-जैसे मैं पढ़ रही हूं और ज्ञान वही अच्छा होता है जो बनता जाता है अगर रख दिया तो वो कोई फायदेमंद नहीं होता तो मुझे जो पता है मैं वो बांट रही हूं चाहे उसका स्तोत्र भजन है चाहे उसका मीडियम कथा है मोटिवेशनल सेशन है उसमें भी हर वक्त भगवान की बात आई मोटिवेशनल सेशन भी मैं हमेशा कहती हूं ये एक डिस्काउंट की तरह बातें होती है करूंगी तो मैं वही जो मैं सात दिन करती हूं लेकिन लोगों के पास 7 दिन है नहीं तो आपके हिसाब से मैं एक डेढ़ घंटे में वो बात को यू नो घुमा फिर के बताती हूं की बात वही है जो 7 दिन का सर है क्योंकि ट्रेजर तो वही है तो करूंगी शादी भी करूंगी परिवार भी होगा बट अभी कोई ऐसा विचार है अभी कम है बहुत कुछ है और अभी इसी में आगे बढ़ाना है और थोड़ा बदलाव लाना है रिक्वेस्ट करूंगा की ऐसे अच्छे मैसेज को जानने के लिए सीखने के लिए समझने के लिए जया किशोरी मेरे चैनल पर जाइए उनको सब्सक्राइब करिए और उनके भी नीचे वीडियो में बताइए की आप उनसे क्या सीखते हैं और इस वीडियो में भी अगर हो सके तो नीचे बताइए आज आपकी सबसे बड़ी लर्निंग क्या थी मेरी नज़र में इन्होंने भारत को वास्तव में बड़ा भारत बनाया है बाय शेयरिंग दी वर्ल्ड ऑफ विजडम जो हमारी संस्कृति है उसको बहुत आसान भाषा में करके बताया और वही इन्होंने समझाया भी आज के आपकी जो निंदा है वही आपकी स्तुति बन जाती है वेरी इंपॉर्टेंट लेसन इन्होंने जितना सिंपलीफाई किया उसको उसी सिंपलीफाइड प्रक्रिया में आज जो आपने सुना नीचे लिख के बताइए आपने क्या सिखा अगले एपिसोड में अब किस से मिलना चाहेंगे वो भी जल्दी बताइए बस थोड़ा सा और इंतजार ए गया एक और बड़ा बुधवार एपिसोड को पूरा देखने के लिए और उसको दूसरों तक पहुंचने के लिए आप सबका हृदय की गहराई से प्रेमपुर और बहुत-बहुत धन्यवाद भैया जी आपका विशेष धन्यवाद है
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