Most Candid Podcast @Dr.AniruddhacharyaJiMaharaj The Vivek Bindra Show
बोलते पति से झगड़ा हो जाए तो तुम मुंह पर उंगली रखो पति को झगड़ा करने दो या हस्बैंड मत बोलो स्वामी बोलो उनके पांव छुओ पांव दबाओ आजकल ऐसी पत्नियां कहां मिलती है महाराज जी है मार्केट में सब चीजें [हंसी] हैं वाइफ पर गुस्सा कर पाते हैं हां गुस्सा करता हूं मैं गुस्सा करना चाहिए गुस्सा बहुत अच्छी चीज है एक बार उनको तरीके से बत्ती देता हूं ना तो साल भर उनकी बत्ती गुल नहीं होती आपका ज्ञान वायरल होता है साथ में आपका गणित भी वायरल हुआ पीछे 70 में क्या जोड़े कि 17 बन जाए 70 में क्या जोड़े कि 17 हो जाए बेटा बता पढ़ के आया है अब दूसरा सवाल टेढ़ा क अे 12 आप बड़ी तुकबंदी बोलते हैं कि पानी पियो छान के और विवाह करो जान के अगर जान के विवाह करना है पहचान के विवाह करना है तो फिर तो लिविन रिलेशनशिप में रह कर के जानते हैं हम आपको आजादी नहीं अगर आप प्रधानमंत्री बन गए तो क्या करेंगे यदि मैं प्रधानमंत्री बन गया बात ही करना है माना की तो छोटा मोटा क्यों माना बड़ा [हंसी] माना एक महिला आपको बोली उसका प्यार उमड़ रहा था आपके प्रति और आपसे बोली कि आपसे बड़ी दिल की बात कहने का प्रयास कर रही आप बहुत खुश है अपने जीवन में ना यह खुशी भी समाज को मत दिखाइए छोटी बच्ची को आपने बोला कोई एक थप्पड़ मारे तो तुम 10 मारो मान लो अगर मास्टर साहब थप्पड़ मार दे तो क्या करें मास्टर साब आपकी कथा में आप कथा कितना परसेंट होती है और इस तरह की बातचीत कितना परसेंट होती है यह सब कथा का ही तो ब महाभारत ही तो बोल रहा हूं मैं आपको कथा के बाहर भी थोड़ा थोड़ा तो हो जाता है देखो तो स्वागत है आप सबका डॉक्टर विवेक बिंदरा शो में आज हमारे साथ स्पिरिचुअल स्पीकर एक मीम सेंसेशन फाउंडर ऑफ गौरी गोपाल आश्रम नेटजंस के आजकल ये बहुत फेवरेट हो चुके हैं डॉक्टर श्री अनिरुद्धाचार्य जी महाराज परम पूजनीय अनिरुद्धाचार्य जी महाराज महाराज पहले तो आपका बहुत-बहुत स्वागत है धन्यवाद महाराज आप आज डॉक्टर विवेक भंद्र शो प आए हैं शुरू करने से पहले मैं बता देता हूं आपके बारे में आजकल चर्चा बहुत हो रही है सोशल मीडिया पर बहुत बातचीत होती है लेकिन आपके जो अच्छे काम हैं बहुत सुंदर काम जो आप कर रहे हैं जिसके बारे में वहां से मैं शुरू करना चाहता हूं ताकि थोड़ा भगवान का आशीर्वाद मिले हमारे को अच्छी चीजों का गुणगान करके आपको मालूम होना चाहिए सबको कि आप आज सैकड़ों बच्चों को फ्री में पढ़ा रहे हैं आप बूढ़ी माताओं के लिए उनका आश्रम बनाया उनका अपना घर बनाया आपने अपने लिए अपना घर नहीं बनाया आज आप कई संतों को भोजन करा रहे हैं हजारों लोग भोजन कर रहे हैं बच्चे आपके यहां पढ़ाई कर रहे हैं इसके अलावा आप कहीं सैकड़ों गायों का ध्यान रख रहे हैं उन गायों का जो दूध नहीं दे पाती जिनको छोड़ दिया जाता है उनको भी आप पालते हैं उनको भी आप संभालते हैं आपके गौरी गोपाल आश्रम में सबको जाना चाहिए और मैं भी आऊंगा तो यहां से हम शुरू श करते हैं लेकिन सबसे पहला मेरा प्रश्न आपसे ये है कि आपका ज्ञान वायरल होता है साथ में आपका गणित भी वायरल हुआ अभी पीछे आपने पूछा मैथ की कैलकुलेशन में 70 में क्या जोड़े कि 17 बन जाए जी जी जी तो 70 17 कैसे बनेगा 70 में क्या जोड़े कि 17 हो जाए जोड़ना है प्लस करना है ना कि माइनस 70 में क्या जोड़े कि 17 बन जाए यह पुराने जमाने की ना बातें हैं जब हमारे पिताजी दादाजी आपके ज्ञान को परखने के लिए कि आप कितना पढ़ के आए हो और कितना ज्ञानी है कितना आप समझ पाते हैं और कितना आपका यह दिमाग काम कर पाता है जी तुरंत पहचानने के लिए कि बच्चा कितना इंटेलिजेंट है इतना पढ़ने के बाद बुद्धु तो नहीं रह गया इसलिए बोल देते बेटा बता पढ़ के आया है बता अच्छा 70 में क्या जोड़ द कि 17 हो जाए अब 70 में क्या जोड़ दे कि 17 हो जाए यह तो फसाने वाला है आ की मात्रा आ की मात्र हिंदी से लिखेंगे तो आकी मात्रा अब दूसरा सवाल टेढ़ा आप किसी से पूछ लीजिए अपने किसी से क अठे 12 तो यह आपके कोई भी बुद्धि का आकलन करना हो कि आप कितने बुद्धिमान है तो पहले के लोग ये पूछ लेते थे पहेलियां है इसे आप पहेलियां कह सकते हैं हम लेकिन वैसे आंसर है 1.58 12 डेढ़ अ 12 डेढ़ अ 12 पर आपसे कभी-कभी थोड़े बच्चे नाराज हो जाते हैं वो कहते हैं कि महाराज जी है तो बहुत अच्छे पर यह कहते हैं कि बिस्किट जो है ना वो बिस्किट है इसमें तो विश भरा हुआ है बिस्किट का मतलब क्या है बिस्किट किट का मतलब क्या है विस्की किट अच्छा बात यहां नहीं है बिस्किट तो उनको मिलना बंद हो गया यहां बात खत्म नहीं हुई वो नाराज तब हो गए जब देखा उन्होंने कि आप अपनी कथा में कई बार खुद ही बिस्किट और चॉकलेट बांट रहे होते हैं तो बोले लोग कहते हैं कि जी बाबा जी करें तो सही हम करें तो नहीं बिस्किट तो गलत ही है बिस्क किठी है वो क्योंकि मैदा है शक्कर है और व्यर्थ का तेल है जो आपकी सेहत के लिए सिवाय नुकसानदायक है फायदा एक भी नहीं है हम तो देखिए हमें जो लोग ले आते हैं जो चीजें संतों को आप केला देंगे तो आपको प्रसाद में केला दे देंगे आप उन्हें बिस्किट देंगे तो वो आपको प्रसाद वो दे देंगे तो हमारे यहां कृष्ण जन्मोत्सव होता है तो उसमें जो जो लाता है वह सब बांट दिया जाता है तो कभी उसको बांटते हुए किसी ने देखा होगा मैं खाता नहीं हूं बिस्किट आप थोड़े मजाकिया गुरुजी भी है कथा के साथ साथ मजाक भी करते हैं एक बारी आपने एक भक्त को बोल दिया शीर शासन लगाओ उसने बोला कि हां समझ में आया बोले हां गुरुजी शासन करेंगे कभी कभार यह आप मजाक इसलिए करते हैं क्योंकि आपकी स्ट्रेटेजी है कि इससे वायरल होएगा या आप मजाक कर देते हैं कि चलो ठीक है थोड़ा माहौल को हल्का करें ऑडियंस को इंगेज करें क्या इसके पीछे क्या स्ट्रेटजी रहती है आजकल लोग परेशान हैं और परेशानी से बचने का सबसे बढ़िया तरीका है सत्संग और प्रसन्नता देखिए हम जितना भी कमाते हैं ना वो खुशी के लिए कमाते हैं प्रसन्नता के लिए कमाते हैं लेकिन आज सब कुछ कमा के भी लोग खुश नहीं है प्रसन्न नहीं है इसलिए मैं चाहता हूं कि छोटी-छोटी बातों से लोगों को हंसा हं प्रसन्न रखूं किसी बहाने आप आए हैं कई बार ना माताएं बहने रोने लग जाती हैं किसी दुख को लेकर किसी बात को लेकर हर व्यक्ति परेशान है तो मैं सोचता हूं कि यह रोते-रोते यहां आए हैं तो मैं इनको हंसा करके भेजूं जब भगवान राम केवट के यहां गए तो राम जी रोते हुए गए सुमंत्र जी ना वहां से वापस जा रहे राम जी ने बोले कि आप वापस जाइए पिताजी को समझाइए तो सुमंत्र जी की आंखों में आंसू और जो घोड़े रथ के थे वो रो रहे थे तो राम भी रो पड़े केवट ने देख लिया कि मेरे राम तो मेरे द्वार पर रोते-रोते आए अब मैं आपको हंसा के ना भेजा तो मेरा नाम केवट नहीं वाह तो केवट ने फिर ऐसी बातें की सुनी केवट के बैन प्रेम लपेटे अटपटे विह से करुणा ऐन विह से मतलब खिलखिला पड़े राम केवट की बातें केवट बोला कि मैं आपको पार नहीं लगाऊंगा पहले पांव धुलवा हो बोले आपके पांव में जादू है पत्थर को छू दिया तो नारी बन मेरी नाव तो लकड़ी की है छू दिया और कहीं नारी बन गई तो एक घरवाली पहले से है दूसरी होगी बोलेगी कहां से आई एक तो चल नहीं रही है एक तो झेली नहीं जा रही है दूसरी कहां से आ गई और खर्चा भी कैसे उठाऊंगा मैं दोदो का तो हंसते हुए राम जी को उन्होंने विदा किया तो मेरा भी एक भाव है कि जो भी आए मैं उसको हंसा हं महाराज जी हंसाते हंसाते कई बारी आप थोड़ा ज्यादा छेड़ भी देते हैं जैसे एक भक्त को आपने कलुआ बोल दिया एक को आपने कालू बोल दिया एक को आपने मोटे बोल दिया तो यह इसमें कहीं खतरा नहीं है देखो हमारे यहां ना भगवान का नाम भी कालिया है जैसे जगन्नाथ जी को ना कालिया बोलते हैं मेरा कालिया तो भाव किसी व्यक्ति को अपमानित करने का नहीं होता भाव सिर्फ ये होता कि आप खुश रहे और बाद में समझाते हैं कि बेटा हमने तुम्हें किस भाव से कहा इस भाव से कहा कि तुम सावले हो मतलब हमारे भगवान जी के रंग से मिल रहे हो लेकिन अगर कोई सुंदर हो तो भी आप छेड़ देते हैं कि भाई तुम तो सुंदर हो ये भी दोष है क्योंकि माता सीता का अपहरण इसलिए हुआ था क्योंकि वो सुंदर थी द्रौपदी का चीर हरण इसलिए हुआ क्योंकि वो सुंदर थी इससे भी लोगों की भावनाएं हा तोर सुंदर बनने प इतना खर्चा कर रहे हैं हम इतना मेकअप लगा रहे हैं इतना महंगा महंगा अन से ऑर्डर करते डिस्काउंट कब आएगा और महाराज जी ने कह दिया य तो सुंदर होना गड़बड़ है भाई स्त्रियों का अति सुंदर होना यह गुण नहीं दोष है माता सीता अधिक सुंदर थी इसलिए उनका हरण हुआ माता द्रौपदी भी अधिक सुंदर थ इसलिए उनका भरी सभा में अपमान हुआ सुंदर होना गड़बड़ नहीं है सुंदर होना बहुत अच्छी बात है चाणक्य कहते हैं अति रूपेण वै सीता अति गर्वे रावणा अति सर्वत्र वर्जित एक गीत मैंने सुना था अति कभी ना करना बंदे इती तेरी हो जाएगी बिन पंखों के पक्षी जैसी गति तेरी हो जाएगी जय हो अति सुंदर थी सीता मैया ये गीत मैंने नहीं लिखा जो था वो सुना रहा हूं वरना कोई कहे कि आप ऐसा कह रहे हैं अति सुंदर थी सीता मैया मेरा कहने मेरे कहने के पहले ये गीत मार्केट में था अति सुंदर थी सीता मैया जिसके कारण हरण हुआ अति अभिमानी था वो रावण जिसके कारण मरण हुआ अति कभी ना करना बंदे इति तेरी हो हो जाएगी बिन पंखों के पक्षी जैसी गति तेरी हो जाएगी चाणक्य कहते हैं अति सर्वत्र वर्जित यहां किसी का अपमान नहीं सुंदरता का कोई उद्देश्य नहीं किसी को आहत करना उद्देश्य है अति की ये मैं नहीं कह रहा हूं चाणक्य कह रहे हैं आप भी तो अति सुंदर बन के आते हैं नहीं हम अति सुंदर नहीं सुंदर ब रहे हैं आप आपका जता कोई ड्रेस डिजाइनर हो ज्वेलरी डिजाइनर हो और जिसने पूरा डिजाइन किया हो आपके बाल भी इतने सुंदर सोल्जर मूवी आई थी तो बॉबी देवल के भी ऐसे ही बाल थे उस समय तो उसका वाला ये अति में माना जाएगा नहीं माना जाएगा अति में क्वालीफाई होगा नहीं होगा नहीं हम तो आप सबके दास हैं सेवक हैं और अति की बात है अति भली ना बोलना आती भली बस ऐसे मैं सुन रहा था आपका एक वीडियो उस वीडियो में एक महिला ने पूछा के अपने हस्बैंड के बारे में पूछ रही थी मुझको मारते पीटते कुछ ऐसा कुछ बात कर रही थी और मुझे एगजैक्टली याद नहीं तो मुझे लगता है शायद आपका कहीं ध्यान हटा हुआ था उस समय कहीं और ध्यान था तो जब क्वेश्चन खत्म हो गए तो आपने उनसे पूछा कि शादी हो गई तुम्हारी तो लेकिन ये जो आपका चुटकी अंदाज है कि आप लोगों को खुश रखना चाहते हैं अच्छा लगा मुझे पर कई बार कुछ संत समाज के लोग इसको ग्रेविटी की कमी मानते हैं बोले ग्रेविटी मतलब वो गंभीरता जो संत में होनी चाहिए उसकी कमी है मैं देवकी नंदन ठाकुर जी का सुन रहा था वो अपनी राय अलग रखते हैं कहते हैं कि महाराज को गंभीर रहना चाहिए उन्होंने एक थोड़ा कठोर शब्द इस्तेमाल कर दिया कि जोकर नहीं करनी चाहिए वह जोकर बन रहे हैं तो आपको अगर इसका जवाब देना है तो क्या जवाब देना चाहेंगे देखिए संत समाज ना सब बड़े हैं और मैं हूं सबसे छोटा तो छोटे बच्चे को तो चंचल रहने का अधिकार है तो मैं तो चंचल हूं क्योंकि सबसे छोटा हूं जब मैं बड़ा हो जाऊंगा तब फिर मैं भी गंभीर ऐसे बैठूंगा आपकी विनम्रता बहुत अच्छी लगी मुझे इसमें बहुत सीखने को मिलता है क्योंकि आप जब सीढ़िया भी उतरते हैं तो लगता जैसे नृत्य कर रहे हैं तो वो आपका एक अपना तरीका है गायों के साथ भागते हुए मैंने आपका एक वीडियो देखा था बहुत सुंदर लगा वो वीडियो लेकिन अगर कभी आप नृत्य कर रहे हैं लेकिन कभी दुल्हन अपनी शादी में नाचती है तो आपको कहते नहीं यार यह क्यों नृत्य कर रही है तो गड़बड़ है नहीं दुल्हन का नाचना देखिए हमारे भारतीय परंपरा हम लोग क्या है हम लोग इस फील्ड से हैं जहां पर हम भारतीय संस्कार और संस्कृति की बात ही कर सकते हैं आप आजाद हैं लेकिन हम आपको आजादी नहीं शास्त्र शास्त्र तो हमें आजाद नहीं करते ना गीता कहती है कि यह सिद्धांत है इससे अतिरिक्त यदि आप जाओगे तो गलत माने जाओगे गीता के हिसाब से तो एक मर्यादा है हर चीज की तो लड़की जब नाचती हुई आती है तो सारा समाज होता है नाचना तो है सारी जिंदगी आप नाच खुशी देखिए बहुत सारी बातें हैं आप बहुत खुश है अपने जीवन में ना यह खुशी भी समाज को मत दिखाइए आप घर के भीतर खूब खुश रहिए अपनी पत्नी अपने बच्चे अपने परिवार दोस्तों के बीच में समाज को मत बताइए कि आप बहुत खुश है वरना नजर लग जाएगी है ना इसलिए ना कहा जाता है कुछ चीजें पर्दे के अंदर होनी चाहिए अब बेटी विदाई हो रही है बाप तो रो रहा है मां तो रो रही बेटी नाच रही है आप वैसे पति को परमेश्वर कहते हैं माना जाता है पत्नी को मानना चाहिए वो आपके स्वामी है वो आपके परमेश्वर है वो आपके भगवान है तो जब मंदिर में हम भगवान के सामने नृत्य कर सकते हैं तो पति के सामने पत्नी क्यों नहीं कर सकते हां तो पति के सामने करो ना समाज के सामने क्यों करना है ओके पॉइंट टेकन पॉइंट टेकन मैं आपकी स्पीड का और तुकबंदी का फैन भी हूं आप बड़ी अच्छी तुकबंदी बोलते हैं कि पानी पियो छान के और विवाह करो जान के पानी पियो छान के और ब्याह करो जान के बड़ा अच्छा लगा मुझे सुनके लेकिन अगर जान के विवाह करना है पहचान के विवाह करना है तो फिर तो लिवि इन रिलेशनशिप में रह कर के जानते हैं फिर उसको भी अपन गलत मानते हैं ये जानना नहीं एक जगह आपने बोल दिया देखि अब्दुल के साथ हो जाएगा विवाह नहीं तो तुम्हारा और फिर अब्दुल के साथ हो गया तो गड़बड़ होगा फ्रिज में मिलेंगे तो सारे के सारे अब्दुल जितने फ प घूम रहे थे बोले महाराज जी हमने क्या गलत कर दिया देखिए ऐसा है कि हमारे यहां आजकल लड़कियां पानी पियो छान के विवाह करो जान के रिलेशन शिप जो है ना वो गलत है वो आपको चरित्रहीन बना रही है और हमारा भारत चरित्रवान भारत है हमारे यहां पूजा किसकी है चरित्र की राम चरित्र सुन वे को रसिया राम लखन सीता मन बसिया तो कोई पैसे से बड़ा हो सकता है चरित्र से बड़ा नहीं हो सकता और आप बताइए पैसे वाले को आप बड़ा मानते हैं कि चरित्र वाले को चरित्र वाले को हां जो चरित्रवान है वह सबसे बड़ा है ना कि पैसे वाले से पैसे वाला बड़ा है पैसा तो वैशा भी कमा लेती है लेकिन चरित्र बड़ी चीज है रावण पैसे वाला तो था सोने की लंका लेकिन पुतले जलाए जाते हैं और राम झोपड़ी में रहते थे 14 साल लेकिन पूजा की जाती है क्योंकि चरित्र की पूजा है इसलिए अपने बच्चों को लिवन में ना रखें लिवन मतलब चरित्र हीनता इसलिए यदि आपके बच्चे चरित्रहीन हो हो गए तो फिर वह समाज को क्या समाज का क्या निर्माण करेंगे राष्ट्र का क्या निर्माण करेंगे इतिहास गवाह है चरित्रहीन व्यक्ति कुछ नहीं कर सकता वह खुद के लिए भी बोझ है चरित्रवान ही इतिहास रचे हैं चाहे विवेकानंद हो चाहे झांसी की रानी हो चाहे गुरु नानक देव जी गुरु गोविंद सेह जी हो तुलसीदास इत्यादि महापुरुषों को देख लीजिए चरित्र बहुत माने रखता है इसलिए चरित्र आपका कैरेक्टर स्ट्रांग है तो आप स्ट्रंग है आपका चरित्र गया तो आप गए पर एक दो जगह मैं देखा तो मुझे लगा कि मैं अगर आपको ठीक लगे उत्तर देना आपने बोला कि लड़कियों को चंगम बता दिया आपने एक दो जगह पर आपने बोला कि लड़के आपसे नहीं आपके शरीर से प्रेम करते हैं चिंगम कैसी होती है चिंगम चवा चवा के सारा रस लिया स्वाद खत्म हो गया थूक दिया यही हो रहा है समाज में प्यार के नाम पर लड़कियों को चबा करके उनका शोषण करके और समाज में कुछ लोग उन्हें छोड़ देते हैं या टुकड़े टुकड़े कर देते हैं कोई आपसे प्यार क्यों करेगा आपके शरीर से प्रेम करता है या शादी से पहले क्या तो मैं ये पूछना बेसिकली चाहता था कि क्या शादी से पहले प्रेम नहीं हो सकता शादी के पहले प्रेम हो सकता है क्यों नहीं हो सकता मां से हो सकता है लेकिन आपने विवाह करो जान के मैं जानते जानते प्रेम हो गया हां जिससे विवाह करना है फिर उसी से आप प्रेम में रहि जिससे प्रेम किया है देखिए मेरा सिंपल फंडा है आप विवाह किसी से भी करिए लेकिन जब विवाह करिए ना तो आपके मां-बाप खुश होने चाहिए बस मेरी इतनी सी बात है ऐसा ना हो कि लड़का लड़की ने विवाह कर लिया मां-बाप को पता ही नहीं चला बुलाया ही नहीं शादी में मैं इसके खिलाफ हूं कि भाई जिस माने आपकी तेल मालिश करके आपकी हड्डियों को मजबूती दी मल मूत्र धोया कम से कम जिसने आपकी पसंद का हलुवा और पराठे खवाए हैं कम से कम अपने विवाह में उस मां को तो निमंत्रण देते कि मां मेरा ब्याह है आशीर्वाद तो दे दे लेकिन मां को भी नहीं बुलाया तुमने और ब्याह कर लिया ये कैसी खुशी है ये कैसी प्रसन्नता है ये कैसा प्यार है कि 4 साल की लड़की के लिए तुमने 25 साल की मां का प्यार छोड़ दिया वाह ठीक बात है इसलिए प्यार करना बुरा नहीं है आप खूब करिए लेकिन ब्याह जब करिए ना तो आपकी मां रोम रोम से आपको आशीर्वाद दे आपका पिता कि बेटा खूब खुश रहो मां रोए ना कि मेरे बेटे तुमने क्या गलत कर लिया बस मेरी बेटी तुमने क्या गलत कर लिया मां को तो आप खुश करते हो और मां के लिए अच्छा बोलते हो बताते हो लेकिन बहुओं के लिए कई बार थोड़ा आप कड़क हो जाते हो जैसे आप उन्हे बोलते हो कि भाई अगर तुम्हारा पति बिजनेसमैन है तो तुम्हें नौकरी नहीं करनी चाहिए या बोलते हो पति से झगड़ा हो जाए तो तुम मुंह पर उंगली रखो पति को झगड़ा करने दो फिर आपको मैं एक मंत्र दे सकता हूं हां जी जरूर एक उंगली उठाओ इसे यहां रखो या हस्बैंड मत बोलो स्वामी बोलो उनके पांव छुओ पांव दबाओ तो यह नियम सारे थोड़े महिलाओं के लिए आपके कड़क नहीं है ना ना नाना पुरुषों के लिए भी है पुरुषों के लिए बड़े कड़े नियम है पुरुषों को भी हम कहते हैं कि चुप रहो हम पुरुषों को कहते हैं कि जितना कमाओ सारा लाके अपनी पत्नी को दो यह मेरा सिद्धांत है ये वाला जो वीडियो था ना आपका कि स्वामी बोलो पति को पाव छु नहीं पति को स्वामी नहीं उसने कहा हस्बैंड मेरे हस्बैंड तो मैंने कहा हस्बैंड मत बोलो पति बोलो पति परमेश्वर बोलो जी तो पति परमेश्वर बोलो उनके पांव छुओ पांव दबाओ उनकी सेवा करो यह वीडियो आपका वायरल सारे पतियों ने ही किया है हमारे भी कहीं व ग्रुप में हर पति अपनी पत्नी को भेज रहा है देखो महाराज जी की बात सुनो पाव झुओ तो जो है मुझे लगा कि ये आपने कम्युनिटी को अपने साथ पार्टनर बना लिया जिसने आपको वायरल किया था हम एक्चुअली क्या है मार्केटिंग के दृष्टिकोण से सोच रहे हैं क्षमा चाहते हैं अपराध नहीं करना चाहते देखिए हमारे यहां ना लक्ष्मी जी जो है सदा भगवान श्रीमन नारायण के चरण दबाती हैं हां तो जब लक्ष्मी जी भगवान के चरण दबाती हैं तो जब पत्नी पति के चरण दबाती है तो निश्चित ही वह घर तरक्की करता है वह परिवार तरक्की करता है इशान सर भेजना अपनी वाइफ को ये वीडियो हां पोर्टेंट ये वाला वीडियो भेजना है ना हमारे को अपने सारे परिवारों में भेजना है कि भाई पत्नी को समझाएंगे हमारे पांव दबाव तरक्की करेंगे हां लेकिन पत्नी यदि कष्ट में है तो पति को भी पूरी हेल्प करनी चाहिए सब प्रकार से उसकी हेल्प करनी चाहिए मदद करनी चाहिए और मैंने एक बात बहुत कही कि आप अपने घर की मालकिन पत्नी को बनाइए जो भी कमाओ सारा लाके सौंप दो ओ यह भी है यह भी है यह पत्नियों के लिए है अ ये पत्नी काट काट के डाले महाराज जी एक्सपर्ट कुछ चीज पति के लिए बोलो वो वायरल करे कुछ पत्नी के लिए वारल कर आउटस्टैंडिंग तो तो पत्नी जो है हमारे य अच्छा पर एक बात बताइए आपका विवाह हो गया आपकी पत्नी पाव छूती है हां पाव दबाती है पाव दबाती है बिल्कुल हमारे यहां जो संस्कार है जो है वही बताया जा रहा है कुछ भी नहीं अलग से तो कभी पत्नी से झगड़ा होता है नहीं झगड़ा नहीं होता होता भी है तो हम लोग तो उंगली कौन रखता है मुंह पे आप या प मैं ही रख लेता हूं कई बार कभी वो रख लेती है कभी मैं कभी वो कभी मैं कभी वो अच्छा ठीक है चलता रहता है ये लेकिन इसमें फिर कैलकुलेट भी करते हैं ज्यादा बार उंगली किसने रखी मुंह प बहुत ज्यादा लड़ाई करने का टाइम ही नहीं मिलता और लड़ाई विचार देखिए विचार जब मिल जाते हैं ना तो झगड़े नहीं होते झगड़े वहां होते हैं जहा विचार मिसमैच है विचार ही नहीं मिल रहे हैं भाई जिस्म मिलने से रिश्ता नहीं बनता शरीर का मिलन जरूरी नहीं है विचारों का मिलन इसलिए यदि आपके विचार नहीं मिल रहे हैं तो आपका रिश्ता चल ही नहीं सकता इसलिए रिश्तों में क्या चाहिए विचार इसका कोई फार्मूला बताइए कि विचारधाराएं कैसे मिलाई जाए क्योंकि काफी लोग पीड़ित है इसमें सिंपल है जैसे गाय आपके आपने कभी गाय रखी आपके बुजुर्गों में कहीं गाय थी घर में जी घर तो गाय जब होती है ना तो गाय आपके खूटे से बंधी है आप चारा देंगे तो वह खाएगी पानी देंगे तो पिएंगे वर वो खूंटा तोड़ के कहीं नहीं जाती प्यासी होगी तो रमती रहेगी रमना समझते हैं ना आवाज लगाते आवाज करते लेकिन वह जाएगी नहीं गाय का समर्पण है मालिक के प्रति कि भाई यह मुझे चारा देगा और मालिक भी क्या करता है भाई शाम को लेट हो गया तो वो बोलता भाई साहब मुझे जल्दी जाना है मेरी गाय भूखी है जाकर उसको पानी देना उसको चारा देना है तो जैसे गाय आपके खूटे से बंधी है समर्पण कर दिया उस गाय ने अब तू पानी दे तो पी लूंगी नहीं दे तो नहीं प पिऊंगी अब कोई मालिक आए ही नहीं चार दिन पानी नहीं दिया तो गाय खूटे में बंधी बंधी मर जाएगी पर खूंटा तोड़ के कहां जाएगी बस यह समर्पण है जैसे एक पत्नी का समर्पण होता है पति के लिए भा ये ऐसा नहीं लगता कि जैसे ये मतलब सच्चाई से परे हो आजकल ऐसी पत्नियां कहां मिलती है महाराज जी हैं हैं मार्केट में सब चीजें हैं सवाल रह गया इसको पूरा कर दो कि एक पत्नी का जैसे समर्पण होता है पति के लिए वो अपना मां बाप भाई बहन अच्छा जब विवाह होता है ना स्त्री का तो वो अपना नाम भी छोड़ देती है गोत्र भी छोड़ देती है जाति भी छोड़ देती है आपके गोत्र से आपके नाम के आपकी जाति से पहचानी जाती है एक समर्पण जैसे एक स्त्री समर्पण करती है पति में जिस दिन वह पति भी समर्पण कर देगा स्त्री में उस दिन आपके रिश्ते मधुर हो जाएंगे तो रिश्तों को मधुर बनाने के लिए जो आपने सवाल किया वो यह है उत्तर कि जब पति का समर्पण हो पति कैसा हो स्त्री चाहती है कि मेरा पति चरित्रवान हो आप पैसे मत दो स्त्री को हम आप बंगला मत दो स्त्री को आप कपड़े मत लाके दो महंगी स्त्री को लेकिन यदि आप चरित्रवान है तो कभी भी आपकी पत्नी उंगली नहीं उठाएगी और आपके साथ खुश रहेगी लेकिन यदि कोई चरित्रहीन है और वह करोड़पति है तो फिर स्त्री ना उसे स्वीकार नहीं करती ये बहुत अच्छा कैरेक्टर बिल्डिंग का आप काम कर रहे हैं नेशन बिल्डिंग का काम कर रहे हैं क्योंकि जिस देश का चरित्र अच्छा होगा वो देश कहां से कहां पहुंचेगा आपने वही बताया कि रावण के पास धन था लंका थी लेकिन भगवान राम के पास चरित्र था तो यह लेसन को मैं पकड़ के चल रहा हूं मुझे बहुत अच्छा लगा बहुत इंस्पायरिंग लगा और मैं चाहता हूं कि लोग भी इन लेसंस को पकड़े और ये जो आपका तरीका है कि मजाक मजाक में आप इंपोर्टेंट लेसंस दे देते हैं तो ये ऐसा ही है कि जैसे मीठी रसगुल्ले के अंदर दवाई डाल के बच्चे को खिला दिया आपने कि ताकि उस डॉक्टर क्या करता है रूई से घिता हो सुई ठोस देता है हां ऐसा ही है कि जरा प्यार प्यार से ना एक गहरी बात आपसे कहनी हो ना तो हंसते कह देने से आप समझ भी जाएंगे और आजकल का समाज जो है ना ज्यादा टाइम है नहीं उसके पास कम समय में समझाना होता है आजकल रील्स का जमाना है रील्स का जमाना है और उसके आप गुरु हैं आप रील्स के महागुरु क्योंकि देखो आपके साथ ना मैं एक नया बिजनेस मॉडल समझाऊं कि कंटेंट ऐसे बनाओ और ऐसे प्रेजेंट करो कि आपको मार्केटिंग पर खर्चा ना करना पड़े देश दुनिया अपने आप ही आपके मीम्स बना बना के आपकी मार्केटिंग कर दे तो आपका एक्सपेंडिचर कम होता है इससे और जितना आप फेमस होंगे उतना आप अच्छा सेवा भी कर पाएंगे उस फेम का इस्तेमाल कर रहे हैं भगवान को अर्पित करके उससे सेवा करने का प्रयास कर रहे हैं एक एक गुरुजी आपकी कुछ फोटो भी वायरल हो रही है आजकल और अब ये देख कर के एक महिला आपको बोली उसका प्यार उमड़ रहा था आपके प्रति और आपने बोली कि आपसे बी दिल की बात कहने का प्रयास कर रही थी तो आपने बोल दिया तुम पिछले जन्म में मेरी सगी बहन थी ये जानना चाहती हूं कि आप आपका ही क्यों और आपसे ही क्यों ऐसा क्या रिलेशन मेरा पहले से आपके साथ जुड़ा हुआ है सी जन्म में आप मेरी सगी बहन थी तो ये आपने उसका दिल नहीं तोड़ दिया तो क्या कहता मैं कोई बात नहीं कहते बहुत-बहुत धन्यवाद उसका दिल तो बेचारी का टूट गया नहीं नहीं देखिए हम लोग हर स्त्री को अपनी मां बहन और बेटी की नजरिए से ही देखते हैं नजरों में कभी छल नहीं हो सकता यदि नजरों में छल हुआ देखिए मैं आपकी नजर से बच जाऊंगा मैं आपको धोखा दे सकता हूं समाज को धोखा दे सकता हूं क्या मैं खुद को धोखा दे सकता हूं मैं जब दर्पण के सामने खड़ा होऊंगा तो क्या मैं अपने आप से झूठ बोल सकता हूं मैं आपसे बोल सकता हूं आप बिल्कुल मना नहीं करेंगे आप स्वीकार कर लेंगे मेरे हर असत्य को क्या मैं स्वयं अपने असत्य को स्वीकार कर पाऊंगा इसलिए मैं अपने से झूठ नहीं बोलता मैं जैसा भीतर हूं वैसे ही बाहर हूं मैं बिल्कुल चरित्र से समझौता नहीं करता आप गर्दन काट दो मेरी 100 टुकड़े कर दो मेरे पर मैं चरित्र मर जाऊंगा पर चरित्र नहीं जाने दूंगा ऐसी ईश्वर से प्रार्थना जब तक जिंदा रहूं जय हो तो चरित्र जय हो बहुत सुंदर बना रहे बिहारी जी की कृपा बनी रहे बस फोटो की बात चल रही है तो एक फोटो पे एक और सवाल है मेरे मन में एक आपकी पुरानी फोटो वायरल हो रही है जिसमें आप हनी सिंह जैसे लग रहे हैं योयो हनी सिंह गाना गाते हैं ना तो रैप वगैरह करते हैं तो आपने हनी सिंह को सुना है कभी उ कोई रैप सुना है कभी सुना होगा पर याद नहीं है कुछ याद नहीं है ओके हनी सिंह क्या संसारी रैप गाते हैं हम आपसे प्रार्थना करेंगे आपको आध्यात्मिक रैप अगर ठीक लगे एक मिनट 30 सेकंड कुछ थोड़ा गा के सुनाना चाहे कोई भी आध्यात्मिक रैप रैप होता है मतलब फास्ट म्यूजिक है ना और आप भगवान का गुणगान करते हुए कोई रप सुनाए हमारे को कोई भजन सुनाए जो अच्छा लगे आपका फेवरेट भजन भजन तो मेरा है क्यों घबराऊ मैं मेरा तो श्याम से नाता है जीवन की गाड़ी मेरी जीवन की गाड़ी मेरी श्याम चलाता है क्यों राऊ मैं मेरा तो श्याम से नाता है वाह क्यों घबरा हूं मैं मेरा तो श्याम से नाता है जय हो जय हो हरि बोल मेरा श्याम से नाता है जय हो आप ये इतनी कथा भजन करते हैं इतना ट्रेवल करते हैं आजकल तो महीने में कितना दिन ट्रेवल करते हैं कितना दिन वृंदावन रह पाते हैं पहले तो मैं महीने तीन-तीन महीने बाहर ही रहता था ओ तीन-तीन महीना तीन-तीन महीने बाहर ही रहता था कथा आज यहां कथा पूरी हुई फिर कल वहां परसों वहां आता था तीन महीने बाद भी तो दो दिन के लिए आता था फिर तीन महीने के लिए या दो महीने के लिए फिर मतलब साल भर में 15 दिन भी मैं नहीं रहता था घर में पर अब बिहारी जी ने अपने चरणों में जगह दे रखी है अब बाहर कम जाता हूं अब क्या है 250 वृद्ध माता हैं गौरी गोपाल आश्रम में और माताओं की इच्छा है कि बेटा तुम बाहर चले जाओगे और हमें कुछ हो गया तो तो माओं की इच्छा है एक मां ने मेरे से कहा कि बेटा जब मैं मर जाऊं तो मेरी चेता को आग लगा देना तो तो मैंने कहा क्यों आपका तो बेटा है बोली बेटा मेरा बेटा तो रोटी भी नहीं देता पानी भी नहीं देता जो बेटा जीते जी रोटी नहीं देता उससे आग लेकर क्या करूंगी अभी कुछ दिन पहले एक मां की मृत्यु हो गई गौरी गोपाल में तो मैंने बेटे को फोन लगाया कि बेटा आपकी मां की मृत्यु हो गई जब हॉस्पिटल में थी तो मैंने फोन लगाया कि पहले हॉस्पिटल में है आओ आखिरी सांसें चल रही है दर्शन कर लो मां का देख लो मिल लो बेटी ने मना कर दिया फिर मृत्यु हो गई तो फिर फोन लगाया हम लोगों ने हमारा तो धर्म है फोन लगाना बेटे को कि बेटा अब तो मा चली गई अंतिम दर्शन कर लो कंधा दे दो बेटे ने मना कर दिया हमारे पास टाइम नहीं है तब मां को कंधा य दास नहीं दिया उनके सब क्रियाएं हुई और रवी भी यही गौरी गोपाल में हुई जय हो तो आजकल के बेटा मां को ना जीते जी पसंद कर रहे हैं ना मृत्यु के बाद कंधा देना ठीक समझ रहे हैं हरि बोल महाराज जी ने बहुत सेवा बहुत बड़ी बात बहुत बड़ी बात है ऐसी 285 माए हैं और जब भी आप ये बोलते हैं मैं आपको सुनता हूं य दास ने करी सेवा तो यह जो आपके अंदर दास वाली भावना है सेवक की जो भावना है इससे मैं बड़ा इंस्पायर्ड होता हूं थोड़ा बहुत हो सकता है वीडियो में हमने मजाक किया हो लेकिन इंस्पिरेशन आपसे बहुत मिलती है आजकल का संसार है बसो असमी मैं बॉस हूं और शास्त्र बताते हैं दास अमी मैं दास हूं तो यहां दास की जगह लोग बॉस बनना चाहते हैं आपके वापस आता हूं आप ट्रेवल के बारे में तो अब आप ज्यादा समय इन वृद्ध माताओं के साथ बिताते हैं अब ज्यादा समय माओं के साथ माओं की सेवा करना बूढ़ी मां है हॉस्पिटल कोई मां होती है तो उनको देखना और अखंड रसोई चलती है 3 हज लोग भरपेट भोजन करते हैं रोज रोज फ्री में फ्री में 12 महीने वा वाह और ये 5 साल से सेवा चल रही है 12 महीने और क्या बना के खिलाते हैं दाल चावल सब्जी रोटी चारों चीज चारों चीज दाल चावल भी सब्जी रोटी भी वाह और मतलब फ्री में कोई भी आके खा सकता है फ्री में और चावल वही जो हम स्वयं खाते हैं बासमती का चावल सारी रोटियों में घी चपड़ के अच्छी क्वालिटी की दाल ऐसा नहीं कि भंडारा है तो ऐसे ही ल खा सकते हैं बिल्कुल मैं खुद भी वही खाता हूं ठीक है तो आप बिल्कुल आइए स्वागत है आपका ना ना मेरे को आना है गौरी गोपाल आश्रम आपके आना है मैं इतना इंस्पायर्ड हूं और सारी माताओं से मिलूंगा मैं और आप सबसे भी रिक्वेस्ट करूंगा आप भी सब आइए क्योंकि अपने जब घर से निकल कर के आप जाते हैं बाहर और इनको जाकर देखेंगे तो एक अलग प्रकार का ना आपको अनुभव होगा कि भगवान ने आपको बहुत कुछ दिया है बहुत कुछ दिया है जब लोगों के दर्द को तकलीफ को और महाराज जी आपने तकलीफ उनकी हैंडल करी अब आप उनके साथ समय बिताते हो मुझे बहुत अच्छा लगा प ट्रैवल आप करते थे एक बार मुझे ट्रेवल से आपके याद आया आप एक बार जेल में भी गए थे कथा करने हम और जेल में जब कथा कर रहे थे वहां कैदी लोग बैठे थे कैदी 4000 कैदी थे 4000 कैदी आपने उनसे भी मजे ले ली है हां एक कैदी ने अपने भाई की हत्या करी थी तो आपने कहा ए भाई को निपटाया है आपने क्या गलती की कि आपको जेल आना पड़ा भीम तो भीम ही है भीम को आया गुस्सा भीम ने उठाया हथोड़ा हां वो दिया घुमा के ग के जैसा हां भैया हम चीज भैया निपट गए और एक कह दी कि पिता का नाम था गड़बड़ बहुत देर हसते रहे पिता का नाम गड़बड़ मेरे फादर का नाम गड़बड़ था तो मुझे भी सब गड़बड़ी गड़बड़ कहते अच्छा तुम्हारे पिता का नाम गड़बड़ था तो आपने आप जुर्म में भी जोक ढूंढ लेते हो ये ये कला कहां से आई आपके अंदर पता नहीं मुझे नहीं पता कहां से आई पर मेरा उद्देश्य है सबको खुश रखना मैं जेल गया तो सारे कैदियों को हंसा के प्रसन्न करके आया और वो कैदी आपको आश्चर्य बताऊं कि जिस दिन मैं गया उस दिन कुछ कैदियों की वह हो गई थी रिहाई हो गया होगा टाइम पूरा या बेल मिल गई होगी तो उन कैदियों ने अपनी रिहाई नहीं ली सात दिन के लिए बोली मैं सात दिन और जेल में रहूंगा जबकि 20 साल से जेल में थे वो अच्छा वो तो चाहते थे कब बाहर जाए लेकिन बोली थे कथा सुन के जाएंगे फिर वो कथा सुन के गए उस सात दिन में कोई भी बंदे की यदि बेल हुई और उसकी सजा पूरी हुई उस दौरान तो उसने पूरी सजा के बाद भी वो सात दिन रुका आपने मिलक पूछा उनसे क्यों रुके पूछ इसलिए तो मेरे को पता चला उन्होंने बताया कि महाराज जी हमारी तो सजा पूरी हो गई हम तो आपकी कथा के लिए रुके हैं उन्होंने बताया कि बहुत अच्छा लग रहा है हमने कहा चलो हम किसी के काम आए और जेल से जाने से पहले आपने उसका ब्रेन का डिटॉक्सिफिकेशन भी कर दिया आपने उसे प्रिपेयर कर दिया कि आप बाहर जाकर के संसार में अपना एक बेहतर जीवन कैसे जिए जो चरित्र आप दे रहे हैं देश में बैसे एक मेरे को बच्चे का भी याद आया बात वो जेल के बाद की बात है कहीं आप कहीं कथा में थे तो ने बोला के गांधी जी कहते थे कि भाई बच्चे आपको कोई एक थप्पड़ मारे तो आप दूसरा गाल आगे कर दो अब दो अक्टूबर आ रही है एक छोटी बच्ची को आपने बोला कोई एक थप्पड़ मारे तु तुम 10 मारो े वजह कोई हमारे थप्पड़ मार रहा है तो फिर मारने वाले को जिनम ही मारा ते में मार वो एक मारे तो तुम 10 मारो अब मान लो अगर मास्टर साहब थप्पड़ मार दे तो क्या करें मास्टर साहब गुरुजनों की बात अलग है पर कोई भी यूं आके आपको मारे तो देखो अबू जमाना नहीं कि हम एक थप्पड़ प खाए तो दूसरा भी आगे कर दे गाल अब तो देखिए भगवान श्री कृष्ण ने गीता सुनाई अर्जुन को लेकिन गीता सुना के भी काम नहीं बना उठाना पड़ा है ना कहां माना समाज गीता से इसलिए एक हाथ में गीता होनी चाहिए और दूसरे हाथ में गांडीव होना चाहिए भाई साहब गीता से मानोगे हम मान जाओ लॉलीपॉप ले लो नहीं तो फिर गांडीव आज समाज में जरूरी है वरना आप देख लो कि बांग्लादेश में क्या हुआ बांग्लादेश से भगाए गए तो भारत आए पाकिस्तान से भगाए गए तो भारत आए कश्मीर से भगाए गए तो भारत के कोने कोने में गए जिस दिन भारत से भगाए जाओगे कहां जाओगे इसलिए तब के लिए गीता समझने वाले लोग नहीं है वह कश्मीर से भगाए गए तब तो सेना भी थी तब तो शासन भी था तब तो कानून भी था तब किसने रोक लिया आपको लेकिन हिंसा को बढ़ा नहीं दि नहीं अहिंसा ही परमो धर्मा यह हिंसा नहीं है आत्म रक्षा हिंसा कैसे मैंने कब कहा कि आप किसी को मार दो बेवजह मैंने यह कहा कि आपको आए गांड डीप चलाना झांसी की रानी बनना आपकी बेटियों को आए समय पड़ गया भाई हमारी मां हमारी मां को सांप मारना नहीं आता लेकिन उसके बच्चे की तरफ यदि सांप बढ़ रहा है तो मां क्या करेगी सांप पकड़ना नहीं आता पर पूंछ पकड़ के फेंक देगी मां सांप को बच्चे का सवाल है ना तो इस तरह की जो बातचीत है आपकी कथा में आप कथा कितना परसेंट होती है और इस तरह की बातचीत कितना परसेंट होती है ये सब कथा का ही तो विषय महाभारत ही तो बोल रहा हूं मैं आपको गीता की तो बात की भगवान श्री कृष्ण ने सुदर्शन उठाया कि नहीं तो यह कृष्ण की गीता है यही तो कथा है कथा मैं कथा के बाहर बिल्कुल नहीं हूं नहीं कथा के बाहर भी थोड़ा-थोड़ा तो हो जाते हैं देखो थोड़ा थो तो हो जाते हैं कुछ भी बोलो आप कभी भी डांट पत्नी में मन लगाओ पड़ोसन में मन मत लगाओ अब बोलते हो अच्छा एक बेचारा है वो एक औरत बोली हमारे पति शराब पीते हैं तो आपने हिसाब किताब जोड़ना शुरू किया कितने की पीते हो कितनी पीते हो बोले एक शीशी पीते खंबा पीते हो नहीं नहीं थोड़ी पीते हैं एक शीशी पीते हैं अरे साफसाफ बोलो ना पवा पीते हो तो कितने की पी जाते हो मैं एक से हैं बस एक पीते हैं एक बोतल ब एक सीसी एक सीसी तो इतनी वाली सीसी कि इतनी वाली सीसी नहीं छोटी वाली है छोटी सीसी कितने की आती है वो सीसी 50 की पौआ पीते हो सिंपल बोलो ना अब जो है कई बार जो है पत्नी से बनती नहीं तो चार पांच बच्चे कैसे हो गए तुम्हारे तो ये छेड़ा कानी आप कई बार कर देते तो ऐसा लगता है कि कपिल शर्मा शो का भी ट्रैफिक आपने अट्रैक्ट कर लिया मुझे लगता है इसीलिए वो बंद भी हो गया है तो कपिल शर्मा शो बंद हो गया बंद हो गया क्यों आप आ गए है मतलब आप आध्यात्मिकता के साथ-साथ इतना मजाक और छेड़ा खानी भी कर देते हैं कि लोगों का इसमें ही मन लग रहा है अभी है ना नहीं आपने एक नया आयाम दिया है आपने आपका एक अपना स्टाइल है आपकी एक अपनी आइडेंटिटी है आपने कथा को इजी कर दिया बहुत ज्यादा आपका फेवरेट मीम कौन सा था एक मैया बोली कि मेरे पति शराब बहुत पीते हैं तो मैंने कहा कि आप प्यार नहीं करती होंगी पति से इसलिए शराब पीने लग गए अगला प्रश्न है अगर आपको मौका लगे तो आप फिल्मों में काम करेंगे यदि मेरे फिल्मों में काम करने से मेरा सनातन धर्म मेरी संस्कृति यदि मजबूत होती है तो मैं अपने धर्म अपनी संस्कृति को मजबूत करने के लिए काम कर सकता हूं फिल्म में जा सकते हैं ठीक है तो क्या आप अपने वीडियोस के नीचे कमेंट्स पढ़ते हो हां ओके कोई फेवरेट कमेंट याद आता है आपको सीधी बात नो बकवास हां अच्छा अच्छा ओके एक लाइन में बताइए आप आपके लिए धर्म का अर्थ क्या है धर्म का अर्थ है सेवा प्यार का अर्थ क्या है प्यार का अर्थ है समर्पण समर्पण ओके आपके लिए खुशी का अर्थ क्या है आप सबके होठों पे मुस्कान आपके लिए संक्षेप में राजनीति का अर्थ क्या है राष्ट्र की सेवा ठीक है आपके लिए पाकिस्तान का अर्थ क्या है पाकिस्तान का अर्थ है आतंक अगर आप एक दिन सुबह उठे अचानक और आप देवकी नंदन ठाकुर बन गए तो अब क्या करेंगे मैं तो उनका दास हूं ऑलरेडी वो सब हमारे गुरुजन हैं और हम उनके दास हैं तो हम कैसे बन सकते हैं हम तो उनके चरणों की धूल है अच्छा मान लीजिए अगर आप सो के उठे और आप आज राहुल गांधी बन गए हैं तो क्या राहुल गांधी काहे बना रहे हो अब अजूम करिए राहुल गांधी बन गए तो क्या करेंगे राहुल गांधी ही अच्छे हैं हम क्यों बने राहुल गांधी अच्छा अगर आप योगी आदित्यनाथ बन ग तो क्या करेंगे हा ये ठीक है तो क्या करेंगे आप अभी और प्लस प जाइए अभी और एक नीचे आप एक स्टेप और बढ़ फिर मैं बताऊंगा मैं तो स्टेप चेंज कर रहा हूं अगर आप रणवीर सिंह बन गए तो क्या करेंगे आप उसी वे प जाइए और आगे अगर आप प्रधानमंत्री बन गए तो क्या करेंगे यदि मैं प्रधानमंत्री बन गया बात ही करना है माना की तो छोटा मोटा क्यों माना बड़ा [हंसी] माना है ठीक है अजम भी करना तो बड़ा ही करना ये बड़ी सोच का सोचना है तो बड़ा सोचो छोटा क्यों बड़ कॉ बड़ा [हंसी] बिजनेस यर अमेजिंग महाराज जी अच्छा चलिए चेंज करते हैं पूरा तो सुन लीजिए यदि मैं प्रधानमंत्री बना वैसे मेरे को चुनाव लड़ना नहीं है और राजनीति अच्छी चीज है अच्छे लोग लोग हो तो अच्छी चीज है आज ही मैं कथा में एक नेता जी आए जो प्रधानमंत्री से करीबी थे जो प्रधानमंत्री से बात करते थे तो मैंने उनसे तीन बातें रखी मैंने कहा कि मेरी बात प्रधानमंत्री जी तक पहुंचाए यदि मैं प्रधानमंत्री हो जाऊं तो मैं सबसे पहला काम करूंगा नदियों को नदियों से जोड़ने का आज हमारे देश में क्या है पानी की समस्या पानी नीचे है और एक एक हजार फीट खोदने पर भी पानी नहीं मिल रहा है जहां कि कई राज्यों में अर्थात कई शहरों में हम यदि नदियों को नदियों से कनेक्ट कर पाए तो पानी समुद्र में तो जाएगा पर सारा घूम के जाएगा तो सारे किसानों को लाभ मिलता जाएगा एक छोटी नदी के किनारे 1000 किसान हैं तो वो किसान उससे लाभान्वित होंगे और जो बोर का पानी निकाल रहे हैं वो पानी जमीन का जस का तस रह जाएगा तो हमारा पानी क्या होगा नदियों को नदियों से जोड़ने में बाढ़ की समस्या खत्म हो जाएगी बाढ़ से हजारों करोड़ का जो नुकसान होता है हर साल पूरे भारत को वो बट जाएगा पानी और नदियों को नदियों से जोड़ना पहला मेरा काम होगा दूसरा हमारे देश में मैं ऐसी शिक्षा प्रणाली लागू करूंगा कि मुख्यमंत्री का बेटा हो या प्रधानमंत्री का या रिक्शे वाले का एक ही स्कूल में पढ़ेंगे ऐसा क्यों ऐसे इसलिए कि शिक्षा एक हो आज गरीबी इतनी ज्यादा है एक रिक्शे वाले के बेटे को आईपीएस बनना है आईएस बनना है कैसे बनेगा एक एक लाख की तो कोचिंग है लाख रप का तो कॉलेज की फीस है कैसे बनेगा एक रिक्शा चलाने वाला इतना पैसा कहां से लाएगा इसका मतलब यह हुआ कि रिक्शा वाला का बच्चा आईपीएस नहीं बन सकता इसलिए शिक्षा पर सबका अधिकार हो तुम बेटा जो पढ़ना चाहो हम पढ़ाएंगे अर्थात सरकार पढ़ाए गी और प्रधानमंत्री का बेटा मुख्यमंत्री का बेटा जिस स्कूल में पढ़ रहा है उस स्कूल में उस देश के रिक्से वाले का बेटा पढ़े यह समानता है यह समानता मैं लाऊंगा यदि मैं बना तो वरना मोदी जी ले आए तो मुझे बनना ही नहीं है और तीसरा और तीसरा स्वास्थ्य यदि हम यदि हम एक रुप से लेकर एक करोड़ तक का इलाज कोई भी हमारे देश में बीमारी से नहीं मरेगा मौत से मर जाए मृत्यु आ जाए वो अलग विषय है पर बीमारी का टैक्स जितना लेना है सरकार ले ले फ्री में ना सिलेंडर मिलेगा ना फ्री में आपको खातों पर सरकार जो बांट रही है ना 15100 एक एक हज महिलाओं के खाते पर मैसेज पहुंच जाता है टन एक तारीख को ये नहीं होगा आपके बेटे की शिक्षा फ्री आपका स्वास्थ्य फ्री अर्थात आपका रप का इलाज हो या एक लाख का या फ्री स्वास्थ्य फ्री शिक्षा फ्री और नदियों को नदियों से जोड़ा जाए और गौ हत्या बंद हो जाए तो क्या कहना एक और क्वेश्चन चेंज कर लेते हैं क्वेश्चन ये है कि अगर आप बाबा नहीं होते महाराज जी नहीं होते तो आप क्या बनते मैं बहुत बड़ा बिजनेस हो करने वाला बनता बहुत बड़ा अच्छा मैं जिस फील्ड में जाता जो करता मैं डॉक्टर होता तो टॉप का होता साइंटिस्ट होता तो टॉप का होता मैं जो करता क्योंकि मैं जो करता हूं उसे लगन से करता हूं मैं अपना काम करता हूं ना मैं डूब के करता हूं मैं अपने काम से बहुत प्यार करता हूं मैं इतना प्यार करता हूं कि मैं सोता हूं तो रात को भी मैं सपने में भागवत ही सुनाता रहता हूं लेकिन हमारा नुकसान हो गया क्या आप अगर बिजनेसमैन होते तो हम आपसे पैसे ले लेते ट्रेनिंग करने के आपको सिखाने के हमारी अपॉर्चुनिटी लॉस हो गया पर चलो कोई बात नहीं आपकी कोई एक ऐसी आदत बताइए जो आप आज भी छोड़ना चाहते हैं ऐसी तो कोई आदत है नहीं मेरे पास जो गलत हो मैं चाय भी नहीं पीता मैं सिगरेट भी नहीं पीता मैं शराब भी नहीं पीता मैं मैं बेवजह थूकता भी नहीं हूं कोई आदत ऐसी यार ये छोड़ना है मेरे को कोई से भी कोई आदत नहीं है ऐसी सारी बातें ठीक है मतलब मैं जो कहता हूं जो करता हूं उससे आपका भला ही होगा ठीक है ठीक है मेरी हर बात मेरे मुंह से की गई हर बात समाज के लिए प्रेरणा देगी आप आज नहीं तो कल समझ लेंगे कि बात ठीक है तो आपकी बातों से लोगों का भला होगा प्रेरणा देते हैं आप तो इतना भला करने वाले इतना प्रेरणा देने वाले इतने शांत स्वभाव के इतने सुंदर से दिखने वाले गुरुजी को क्या कभी गुस्सा आता है हां गुस्सा करता हूं मैं गुस्सा करना चाहिए गुस्सा बहुत अच्छी चीज है भीष्म पितामह ने गुस्सा नहीं किया दुसासन पर इसलिए तो बाणों की सैया पर लेटना पड़ा तो वाइफ पर गुस्सा कर पाते हैं मैं गुस्सा करता हूं उन लोगों पर जो काम नहीं सुनते जैसे मैंने आपको काम दे रखा कि भाई यह काम करना है अब नहीं किया अरे मैं भूल गया कैसे भूल गया तुम्हें काम दिया था कैसे मैं उस पर गुस्सा करता हूं जो स्टाफ है जो काम जिम्मेदारी है अब जैसे भोजन चलता है अखंड रसोई कई बार क्या होता है कि हलवाई लोग रोटी नहीं बना पाते पा मिनट के लिए ना रोटी खत्म हो जाती है मैं चढ़ जाता हूं उनके ऊपर क्यों भाई रोटी क्यों नहीं तुमने बनाई इस मामले में आप हमारे वीडियो प्रोडक्शन हेड जैसे ही है वो भी ऐसा ही करते हैं फिर मैं एक बार उनको तरीके से बत्ती देता हूं ना तो साल भर उनकी बत्ती गुल नहीं होती तो यह बत्ती देता हूं मतलब क्या हुआ हां हां मतलब उनको समझाता हूं डांटता हूं ठीक है ओके फाइन तो क्या कभी आपने ऐसा भी डांटा है कि बाद में आपको पछतावा यार नहीं है ज्यादा डांट दिया य कई बार मुझे लगता है कि मैंने ज्यादा डांटा लेकिन डाटो नहीं तो काम भी नहीं होता और एक बार मैं डांटता हूं ना तो साल भर के लिए बिल्कुल रेडी रहते हैं बच्चे ऑपरेशन में पक्के हैं आप सिस्टम ऑपरेशन के एकदम पक्के हैं सिस्टम नहीं बनाएंगे तो कैसे चलेगा कैसे चलेगा सही बात आप पक्का अंतर प्रनर बनते बिजनेसमैन तो पक्का बनते क्योंकि आप सिस्टम के मजबूत है अच्छा एक बात बताओ लेकिन आंसर जल्दी देना है रुक के नहीं देना है सोच के नहीं देना है ठीक है दो लोगों की कथा चल रही है उसमें से एक आपको अटेंड करनी है तो प्रेमानंद महाराज की हो रही है बागेश्वर महाराज की हो रही है आप कौन सी अटेंड करेंगे बड़ा कठिन कह दिया सोचना नहीं था दोनों को ही अटेंड कर लेंगे चलो जो पास होगा वो अटेंड कर लेंगे चलो ठीक है ठीक है दैट वाज अ स्मार्ट आंसर दैट वाज वेरी गुड वेरी गुड आई लव्ड इट आई लव्ड इट बहुत मजा आया बहुत अच्छा लगा आपके साथ मतलब ऐसी इच्छा है कि चर्चा चलती रहे चलती रहे चलती रहे पर जाने से पहले आपसे पूछना चाहता हूं लाइफ का आपका मिशन क्या है आप क्या जिंदगी में चाहते हैं कि इस संसार से छोड़ के जाऊंगा तो ये एक चीज अचीव करके जाऊंगा मेरा एक सिंपल सा फंडा है कि हिरण मरता है ना तो उसका चमड़ा काम आता है शेर मरता है तो उसका चमड़ा काम आता है हर जानवर लगभग मरते हैं तो उनका चमड़ा कहीं जूता बनाने में बेल्ट बनाने में बैग बनाने में काम तो आता ही आता है लेकिन एक मैं हूं अर्थात यह दास अनिरुद्ध जब हम मरेंगे तो हमारे चमड़े का तो जूता भी नहीं बनेगा तो हमारा चमड़ा मरने के बाद काम नहीं आएगा हमारा चमड़ा हमारा शरीर तो जीते जी काम आएगा इसलिए मेरा मानना है कि आप जब तक जिंदा हैं तब तक आप समाज की इतनी सेवा करें इतनी सेवा करें कि आपके मरने के बाद दुनिया आपको याद करे कि हां कोई सेवक जय हो जय हो जय हो जय हो जय हो बहुत सुंदर बहुत अच्छा लगा आपके साथ में आजकल लोग वायरल होने के लिए क्या क्या नहीं करते लेकिन आपको ये बड़ा नेचुरली मिल जाता है ये बड़ा अच्छा लगता है हम कभी-कभी थोड़ा आपसे ईर्ष्या भी करते हैं इसलिए कि हमारे गुरुजी इतने वायरल हो जाते हैं हम इतने वीडियो बना रहे हैं इतने वायरल नहीं हो पा रहे लेकिन एनीवेज आपकी जो पंच लाइंस है वो इतने हिट है कि ये पक्का है कि शायद कपिल शर्मा शो वापस शुरू ना हो पाए नहीं नहीं हो भाई सबका चलना चाहिए अच्छा सबका चलना चाहिए आपके लिए बढ़ता प्यार आपकी जो पॉपुलर है देख कर के यही लगता है कि आपके कंटेंट में ओरिजनलिटी है इसीलिए आपकी पॉपुलर है और आप लोगों को संस्कार और सरकम सरकम हो गया छेड़ा खान थोड़ा छेड़ना ताना मारना और संस्कार दोनों चीजें आप बखूबी करते हैं आप अपनी प्रेजेंस से लोगों को ऐसे ही लर्निंग भी देते रहिए खूब लाफ्टर बढ़ाइए लोगों को हंसाई है उनको आगे बढ़ाइए इतने लोग की आप सेवा कर रहे हैं हमारे पा साथ में आज जुड़ने के लिए द डॉक्टर विवेक बिंद्रा शो में आने के लिए आपका हृदय की गहराइयों से प्रेम पूर्वक बहुत-बहुत धन्यवाद और आप इसमें से कौन सा वाला आपको मीम अच्छा लगा वो नीचे कमेंट बॉक्स में बताइएगा महाराज जी का कौन सा मीम अच्छा लगा मेरे को आज अच्छा लगा मैं बत्ती लगा देता हूं एवरी बडी एन लाइकिंग आप नीचे कमेंट बॉक्स में जरूर बताइएगा महाराज जी दोबारा से बहुत-बहुत धन्यवाद जरूर आप वृंदावन आइए गौरी गोपाल आइए और सबको लेके आइए सब आइए गौरी गोपाल आश्रम हम किसी दिन संडे या एकादशी के दिन आते हैं आपके पास आपसे समय लेकर आते हैं आपका स्वागत है हरे कृष्णा हरे कृष्णा हरे कृष्णा [संगीत] [प्रशंसा] [संगीत]
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